नई दिल्ली। राजधानी को केरोसिन फ्री बनाने में आ रही बाधा पेट्रोलियम मंत्रालय दूर करने को तैयार हो गया है। मुख्यमंत्री शीला दीक्षित ने शुक्रवार को पेट्रोलियम मंत्री वीरप्पा मोइली से शास्त्री भवन में मुलाकात करके योजना की दिक्कत, एलपीजी सिलेंडर की कालाबाजारी और बवाना बिजली संयंत्र के लिए गैस की जरूरतों पर चर्चा की। पेट्रोलियम मंत्री ने आश्वस्त किया है कि केरोसिन फ्री दिल्ली योजना में कनेक्शन व सिलेंडर आपूर्ति की शिकायतें दूर की जाएंगी। बवाना बिजली घर के लिए पर्याप्त बिजली उपलब्ध कराना पेट्रोलियम मंत्रालय की प्राथमिकता में शामिल है।
मुख्यमंत्री ने पत्रकारों को बताया कि पेट्रोलियम मंत्रालय अन्य बिजली घरों की गैस बवाना बिजली घर को देने पर विचार करने को तैयार है। इससे बवाना बिजली घर का पहला माड्यूल पूरी क्षमता में उत्पादन करने लगेगा। मोइली ने भरोसा दिलाया है कि वे राजधानी को केरोसिन फ्री बनाने की योजना को पूरी करने में मदद देंगे। सिलेंडर की सुरक्षा राशि 1400 रुपये से बढ़ाकर 1600 रुपये किए जाने से तेल कंपनियां केरोसिन फ्री योजना के तहत कनेक्शन जारी नहीं कर रही हैं। पेट्रोलियम मंत्रालय सिक्योरिटी की बढ़ी राशि केंद्र व दिल्ली सरकार में बांटे जाने के बारे में अभी निर्णय नहीं ले पाया है। योजना शुरू करते हुए सुरक्षा राशि दोनों सरकार के बीच वहन किए जाने का यही फार्मूला बनाया गया था। मोइली ने कहा है कि यह मुद्दा उनके विचाराधीन है और एक-दो दिन में इसे हल कर दिया जाएगा। इससे लंबित आवेदनों के लिए कनेक्शन जारी होने लगेंगे।
कालाबाजारी की शिकायत पर कार्रवाई
मुख्यमंत्री ने बताया कि विभिन्न एलपीजी डीलर देरी से सिलेंडर भेज रहे हैं। घरेलू सिलेंडर को व्यापारिक इस्तेमाल के लिए बेचा जा रहा है। एसएमएस से डिलीवरी पहुंचने की सूचना मिलने के बावजूद सिलेंडर नहीं मिल रहा है। कम वजन के सिलेंडर भी दिए जा रहे हैं। बड़ी संख्या में शिकायतें मिली हैं जिनसे केरोसिन फ्री दिल्ली योजना को सही मायने में लागू करने में बाधाएं उत्पन्न हो रही हैं। अचानक छापे मारने से पता चला कि रसोई गैस भरने वाले संयंत्रों में बड़ी मात्रा में कम गैस के सिलेंडर रखे हैं। वहीं, मुख्यमंत्री की शिकायत पर मोइली ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि जल्द मामले पर कार्रवाई करें।
बवाना बिजली घर चलाने को मांगी गैस
मुख्यमंत्री ने मोइली से बवाना बिजली घर माड्यूल-1 की 750 मेगावॉट की पूर्ण क्षमता के उत्पादन के लिए पर्याप्त मात्रा में गैस आपूर्ति का अनुरोध किया। इस बिजली घर में लगभग 350 मेगावॉट उत्पादन हो रहा है। पूरी क्षमता से काम करने के लिए 1.4 मिलियन घन मीटर मानक प्रतिदिन गैस इस बिजली घर के लिए और उपलब्ध कराई जाए। मोइली ने बताया कि वे इस समय बिजली घरों के लिए गैस आपूर्ति के मुद्दे पर ध्यान केंद्रित किए हुए हैं। बवाना बिजली घर के लिए गैस की कमी का मुद्दा जल्द हल किया जाएगा।