दोनों गिरोह की पुरानी रंजिश चल रही है
हेमंत से कृष्ण पहलवान की पुरानी रंजिश है, उसका अपना है नजफगढ़ इलाके में सक्रिय गिरोह है। उनकी प्रतिद्वंद्विता के परिणामस्वरूप दिल्ली और एनसीआर में हत्या और हत्या के प्रयास के कई मामले सामने आए। हेमंत फिलहाल तिहाड़ जेल में बंद है। वारदात वाले दिन 11.01.2021, वह अपने चाचा जयभगवान के साथ दोस्त रहेश के घर मौजूद था। अमित शौकिन संपत्ति के सौदे के मुद्दे पर चर्चा करने के लिए आया था। हालांकि, उनके अपने-अपने गिरोह से जुड़े होने को लेकर तीखी नोकझोंक हुई। अमित के हेमंत गैंग के काफी करीबी होने के कारण यह बहस ज्यादा हो गई। दोस्त की कार में सवार होकर अमित भागने में सफल रहा।
घर में जाकर मारी थी गोली
अमित के चले जाने के बाद, उन्होंने उसे सबक सिखाने का फैसला किया। सुनील दहिया साथियों के साथ गांव दिचाऊ कलां सुनील के घर पहुंच गए और उसे घर और उसे बाहर बुलाया। उन्होंने अपनी महिंद्रा स्कॉर्पियो और मारुति ऑल्टो कारों में मौके से निकलने से पहले अमित और उसके चचेरे भाई अंकुश को गोली मारकर घायल कर दिया। अमित के दाहिने हाथ में, जबकि अंकुश के सीने में गोली लगी। अमित शौकीन की शिकायत पर हत्या के प्रयास का मामला दर्ज किया गया है। पूछताछ में अमित ने खुलासा किया कि उसने पिस्टल दाबोडा गुरुग्राम हरियाणा निवासी दिनेश से खरीदी थी। कृष्ण अभी फरार है।