गणतंत्र दिवस के दौरान प्रस्तुति देने आए करीब 200 कलाकार दोपहर 12 बजे से शाम करीब 6.00 बजे तक लाल किले में प्रदर्शन के चलते फंसे रहे। छह बजे के बाद पुलिस ने इन्हें यहां से निकाला। डीसीपी अंटो अल्फोंस ने बताया कि हमने इन कलाकारों को खाना दिया और दरियागंज मेस में शिफ्ट करा दिया है। दिल्ली पुलिस ने ये भी बताया कि मोहन गार्डन थाने के एसएचओ समेत 30 पुलिसवाले गंभीर रूप से घायल हुए हैं।
गणतंत्र दिवस पर दिल्ली में मंगलवार को किसानों के ट्रैक्टर मार्च के दौरान जमकर बवाल हुआ। कई जगह किसान और पुलिस के बीच झड़पें हुईं। इसको देखते हुए हरियाणा सरकार ने दिल्ली के साथ लगते 3 जिलों सोनीपत, पलवल और झज्जर में टेलीकॉम सर्विस बंद कर दी है। इसके लिए हरियाणा के गृह सचिव राजीव अरोड़ा ने आदेश जारी कर दिए हैं। आदेश के मुताबिक इन तीनों जिलों में इंटरनेट सर्विस व सभी एसएमएस सेवाएं बंद रहेंगी, केवल वॉइस कॉल ही एक्टिवेट रहेंगी। मंगलवार से लेकर कल यानि बुधवार शाम 5 बजे तक सर्विस बंद की गई हैं। अफवाहों और गलत सूचना के फैलने को रोकने के लिए सर्विस बंद की गई है।
हरियाणा में 27 जनवरी को बंद रहेंगे सभी स्कूल
हरियाणा सरकार ने कल यानि 27 जनवरी को प्रदेश के सभी स्कूलों को बंद रखने का फैसला लिया है। बताया जा रहा है कि यह निर्णय आज दिल्ली में किसान आंदोलन की गतिविधियों को ध्यान में रखते हुए लिया गया है।
बागपत में भाकियू अध्यक्ष चौधरी नरेश टिकैत ने कहा कि किसानों का शांतिपूर्ण आंदोलन तोड़ने के लिए साजिश रची गई है। लाल किले जैसी सुरक्षित जगह पर आखिर इतनी सुरक्षा के बीच कोई कैसे पहुंच गया। सीधा सादा किसान तो दिल्ली का रास्ता भी नहीं जानते, किसानों को गुमराह करके और रास्ता भटकाकर ले जाया गया है। दिल्ली पुलिस और सरकार पूरी तरह फेल हो गई है। किसान इन साजिशों से घबराने वाले नहीं है, आंदोलन जारी रहेगा। आंदोलन में पुलिस की गोली से शहीद हुए किसान को एक करोड़ से अधिक मुआवजा मिलना चाहिए। किसानों की संपत्ति का जो नुकसान हुआ है, केंद्र सरकार को उसकी भरपाई करनी चाहिए। किसानों के ट्रैक्टरों में पुलिस ने तोड़फोड़ कर दी है। किसान आंदोलन के खिलाफ पूरी साजिश रची गई है।
कश्मीरी गेट और आजादपुर मेट्रो स्टेशन के निकास और प्रवेश द्वार बंद कर दिए गए हैं। वहीं कश्मीरी गेट और आजादपुर मेट्रो स्टेशन के निकास और प्रवेश द्वार बंद कर दिए गए हैं। वहीं इंद्रप्रस्थ स्टेशन के निकास और प्रवेश द्वार खुले हैं। उत्तम नगर ईस्ट के प्रवेश द्वार बंद हैं।
दिल्ली पुलिस अब आईटीओ को खाली करा रही है। आईटीओ पर ट्रैक्टर पलटने से हुए हादसे में मारे गए किसान के शव को भी ले जाया जा रहा है। आपको बता दें कि हादसे के बाद से किसान आईटीओ पर धरना दे रहे थे। उनका आरोप था कि दिल्ली पुलिस की गोली से किसान की मौत हुई है।
18 पुलिसकर्मी घायल, एक की हालत गंभीरः दिल्ली पुलिस
आज की ट्रैक्टर रैली के लिए दिल्ली पुलिस ने किसानों के साथ तय हुए शर्तों के अनुसार काम किया और आवश्यक बंदोबस्त किया। दिल्ली पुलिस ने अंत तक काफी संयम का परिचय दिया, परन्तु किसान आंदोलनकारियों ने तय शर्तों की अवहेलना की और तय समय से पहले ही अपना मार्च शुरू कर दिया और आंदोलनकारियों ने हिंसा व तोड़फोड़ का मार्ग चुना। जिसको देखते हुए दिल्ली पुलिस कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए संयम के साथ जरूरी कदम उठाए। इस आंदोलन से जन संपत्ति को काफी नुकसान हुआ है और कई पुलिसकर्मी घायल भी हुए हैं। आंदोलनकारियों से अपील है कि हिंसा का रास्ता छोड़ शान्ति बनाएं और तय हुए रास्ते से वापिस लौट जाएं। दिल्ली किसान हिंसा में दिल्ली पुलिस के 18 जवान घायल हुए इनमें से एक जवान की हालत गंभीर बताई जा रही है।
संयुक्त किसान मोर्चा ने कहा कि हमारे सभी प्रयासों के बावजूद कुछ संगठनों और व्यक्तियों द्वारा रूट का उल्लंघन करने का निंदनीय कृत्य किया गया। असामाजिक तत्वों ने शांतिपूर्ण आंदोलन में घुसपैठ की। हमने हमेशा माना है कि शांति हमारी सबसे बड़ी ताकत है और किसी भी उल्लंघन से आंदोलन को नुकसान होगा।
हिंसा के बाद ग्रह मंत्रालय ने बड़ा फैसला लिया है। CRPF की 10 कंपनियां तैनात होंगी। अर्ध सैनिक बलों की कुल 15 कंपनी तैनात होंगी। उपद्रवियों से पूरी ताकत से निपटने के निर्देश दिए गए हैं। आईटीओ पर अभी भी उपद्रवियों का कब्जा है। दिल्ली पुलिस कमिश्नर ने यह आदेश दिए हैं।
यूपी गेट पर 3:00 बजे के बाद से किसानों का लौटना शुरू हो गया जो अब तक जारी है। काफी संख्या में किसान यूपी गेट पर जमा है इनके बीच शांति है। लगरों पर खाने-पीने वालों की भीड़ लगी हुई है। आपसी बातचीत में किसान दिल्ली में हुई हिंसा पर अफसोस जता रहे थे। आसपास जिलों के किसान धीरे धीरे अपने घर के लिए विदा हो रहे हैं।
उपद्रवियों से सख्ती से निपटने के आदेश
दिल्ली पुलिस आयुक्त एसएन श्रीवास्तव ने उपद्रवियों से सख्ती से निपटने के आदेश दिए हैं। पैरामिलिट्री फोर्स के पंद्रह सौ जवान सड़कों पर उतारे जा रहे हैं। दिल्ली में आईटीओ, नांगलोई और सिंघु बॉर्डर पर अभी भी किसान उपद्रव कर रहे हैं।
अलीगढ़ में किसानों की ट्रैक्टर परेड पुलिस की कड़ी निगरानी में नए हाइवे बाईपास पर निकाली गई। इस दौरान रैली में शामिल किसान सरकार विरोधी नारेबाजी करते हुए भूकरावली से बोनेर पहुंचे। गांधीपार्क थाने में दो दर्जन नेता हिरासत में लिए गए। इधर टप्पल में दिल्ली जाते किसानों को लेकर कड़ी नाकेबंदी कर रोका गया। यमुना एक्सप्रेस वे पर किसानों की घेराबंदी की गई।
किसानों ने दिल्ली स्थित आईटीओ पर धरना देते हुए रास्ते जाम कर दिए हैं। साथ ही दिल्ली पुलिस मुर्दाबाद के लगाए नारे जा रहे हैं। वहीं, युवा किसानों ने मीडियाकर्मियों पर हमला किया है। उन्होंने मीडियाकर्मियों पर पत्थर फेंके हैं। किसानों ने कीर्तन भी शुरू कर दिया है।
सपा और भारतीय किसान यूनियन ने निकाली ट्रैक्टर रैली
हाथरस में गणतंत्र दिवस पर किसान आंदोलन के समर्थन में सपाइयों और भारतीय किसान यूनियन ने जिले की चारों तहसील क्षेत्रों में ट्रैक्टर रैली निकाली। सिकंदराराऊ में सपा की ट्रैक्टर रैली को पुलिस ने तहसील तक नहीं जाने दिया और बीच में ही रोक लिया। इस दौरान नोकझोंक भी हुई।
बिजनौर में समाजवादी की ट्रैक्टर ट्राली रैली को रोकने के लिए पुलिस और समाजवादी पार्टी कार्यकर्ताओं की झड़प हुई। इस दौरान बैरिकेडिंग तोड़ समाजवादी पार्टी कार्यकर्ताओं ने शहर में ट्रैक्टर रैली निकाली।
सपा नेताओं और पुलिस में झड़प, जिलाध्यक्ष को लिया हिरासत में
शामली में सपा नेताओं ने शहर में ट्रैक्टर मार्च निकाला। मुंडेट पुलिया पर ट्रैक्टर मार्च में शामिल कुछ युवाओं ने स्टंट करना शुरू कर दिया। इसे लेकर पुलिस ने ट्रैक्टर मार्च को रोक दिया। सपा जिलाध्यक्ष अशोक चौधरी और पुलिस के बीच काफी देर तक झड़प हुई।
दिल्ली स्थित लाल किले के प्राचीर पर पहुंचे आंदोनलकारियों पर पुलिस ने लाठी चार्ज किया है। पुलिस ने लाल किला खाली करा दिया है। लाठीचार्ज में कई लोग घायल हो गए हैं। लाल किला से कुछ घायलों को एंबुलेंस की मदद से अस्पताल ले जाया गया।
किसान की मौत के विरोध में करीबन 70 से 80 किसान आईटीओ चौराहे पर धरने पर बैठे हैं। किसानों का आरोप है कि पुलिस की गोली से किसानों की मौत हुई है। वहीं, पुलिस का कहना है कि हादसा ट्रैक्टर पलटने से हुआ है। यह बात भी सामने आ रही है कि कई किसानों ने शराब भी पी रखी है। हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
आईटीओ से सुप्रीम कोर्ट के बीच भीड़ को रोकने के लिए तीन लेयर बनी है। एक लेयर रैपिड एक्शन फोर्स की है जो सबसे आगे है। दूसरी पुलिस की जो बीच में, तीसरी बीएसएफ की है। पुलिस पूरी तरह तैयार है।
दिल्ली में यातायात बुरी तरह से प्रभावित
वजीराबाद रोड, आईएसबीटी रोड, जीटी रोड, पुश्ता रोड, विकास मार्ग, एनएच-24 पर ट्रैफिक बुरी तरह से प्रभावित हुआ है। दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने लोगों से इन मार्गों पर जाने से बचने की अपील की है।
दिल्ली के कई इलाकों में इंटरनेट सेवा बंद
दिल्ली के ज्यादातर इलाकों में मोबाइल इंटरनेट बंद किया गया है। यह कदम कानून व्यवस्था की बिगड़ती स्थिति को देखकर उठाया गया है।
दिल्ली में किसानों के बबाल के बाद झांसी में भी अलर्ट कर दिया गया है। झांसी में जगह-जगह चेकिंग की जा रही है। ट्रैक्टर रैली को रोक दिया गया है। झांसी में किसानों आंदोलन के समर्थन में ट्रैक्टर रैली निकाल रहे सपा कार्यकर्ताओं को पुलिस ने बीच रास्ते पर रोक दिया। बस में भरे कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार कर पुलिस लाइन लाया गया।
लखीमपुरखीरी में भी किसानों ने निकाला ट्रैक्टर मार्च
लखीमपुरखीरी के मितौली इलाके में समाजवादी पार्टी के नेतृत्व में किसानों ने ट्रैक्टर रैली आयोजित की। कई स्थानों पर पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोकने की कोशिश की। लेकिन रैली रुकी नहीं। सपा के पूर्व विधायक सुनील लाला के टैक्टर मार्च को पुलिस ने रोका तो सपा कार्यकर्ताओं ने पैदल मार्च किया। पुलिस 21 लोगों को शांतिभंग के आरोप में हिरासत में लिया। बाद में सभी एसडीएम को एसडीएम कोर्ट से रिहा कर दिया गया।
गणतंत्र दिवस पर हिमाचल प्रदेश के सिरमौर जिले के पांवटा साहिब क्षेत्र के किसानों ने भी मंगलवार को ट्रैक्टर रैली निकाली। फाइट फॉर फार्मर राइट कमेटी के आह्वान पर रैली में सैकड़ों की संख्या में किसान, स्कूली बच्चे, भूतपूर्व सैनिक, महिलाएं और जनप्रतिनिधि भी शामिल हुए।
मेरठ में ट्रैक्टर रैली निकाल रहे सपाइयों को पुलिस ने रोक लिया। चार ट्रैक्टर पुलिस लाइन ले जाए गए। सपा नेताओं को गिरफ्तार कर आंबेडकर भवन में रखा गया है। इनमें सपा जिलाध्यक्ष राजपाल सिंह, शहर विधायक रफीक अंसारी, पूर्व महानगर अध्यक्ष आदिल चौधरी आदि शामिल हैं। पुलिस का कहना है कि रैली नहीं निकालने दी जाएगी।
दिल्ली पुलिस के परामर्श के मद्देनजर कनाट प्लेस बंद रहेगा
ट्रेडर्स एसोसिएशन ने कहा कि दिल्ली पुलिस के परामर्श के मद्देनजर कनाट प्लेस बंद रहेगा।
हमीरपुर के राठ कस्बे में किसान कानूनों के विरोध में गणतंत्र दिवस पर समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने नगर में ट्रैक्टर रैली निकाली। जिसमें करीब दो दर्जन ट्रैक्टरों सहित सैकड़ों सपा कार्यकर्ता शामिल रहे। इस दौरान मुख्य मार्ग पर स्टेट बैंक चौराहे के पास नारेबाजी कर रहे सपाइयों को पुलिस ने रोका। जिस पर निवर्तमान ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि सत्यपाल यादव की कोतवाली पुलिस से तीखी नोंकझोंक हुई। पुलिस पर अभद्रता करने का आरोप लगाते हुए सत्यपाल यादव ने जमकर विरोध जताया।
इटावा में आगरा-कानपुर हाईवे जाम
इटावा जिले में इकदिल थाना क्षेत्र के अंतर्गत आज किसान ट्रैक्टर रैली समाजवादी पार्टी नेता एवं पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष अंशुल यादव के नेतृत्व में ट्रैक्टर रैली निकाली गई। जिसे प्रशासन के द्वारा मानिकपुर मोड़ पर रोक दिया गया। इससे आगरा-कानपुर हाईवे जाम हो गया है।
बलरामपुर में ट्रैक्टर रैली निकालने का प्रयास कर रहे पूर्व मंत्री और मटेरा विधायक यासर शाह घर में नजरबंद किए गए। वहीं, चित्रकूट में समाजवादी पार्टी द्वारा ट्रैक्टर रैली निकाली गई। जिलामुख्यालय के पहले ही पुलिस ने गल्लामंडी चौराहे पर रोक लिया। लोनी तहसील पर समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन कर ट्रैक्टर रैली निकाली। वहीं लोनी तिराहा समेत अन्य स्थानों पर भाजपाइयों ने तिरंगा यात्रा निकाली।
मथुरा में पुलिस हुई बेबस
मथुरा के नौहझील के पास जाम लग गया। सैकड़ों की संख्या में किसान ट्रैक्टर ट्रॉली लेकर यमुना एक्सप्रेस पेपर पहुंच चुके हैं, दोनों तरफ का रास्ता जाम कर दिया है, साथ ही दिल्ली की तरफ कूच कर दिए हैं पुलिस बेबस नजर आ रही है।
गाजियाबाद के साहिबाबाद में सपा के नेता ने किसान ट्रैक्टर परेड का फूलों से स्वागत किया।
अच्छा यूपी गेट पर किसान आंदोलन के पल-पल की अपडेट देखते हुए महिलाएं
आईटीओ से बहादुर शाह जफर रोड पर एक ट्रैक्टर मिंटो रोड की तरफ जबरदस्ती बढ़ गया। तेज रफ्तार के कारण ट्रैक्टर पलट गया। हादसे में कुछ लोग घायल हो गए। जबकि ट्रैक्टर चालक किसान की मौत हो गई। डीडीयू मार्ग पर आंध्र एज्युकेशन सोसायटी के पास की घटना है। किसानों ने शव को सड़क पर रख भाजपा कार्यालय पर प्रदर्शन किया।
पुलिस ने नांगलोई में आंसू गैस के गोले छोड़े
दिल्ली के नांगलोई फ्लाईओवर पर लोगों को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े गए हैं।
कुछ किसान ट्रैक्टर और बाइक से दिल्ली के नांगलोई से आगे पीरागढ़ी के लिए रवाना हुए हैं। किसानों ने झंडा लगा रखा है। आंदोलनकारी महाराजा सूरजमल मेट्रो स्टेशन तक पहुंच चुके हैं।
कृषि कानूनों के खिलाफ ट्रैक्टर रैली निकाल रहे किसान लाल किला पहुंच गए हैं। किसानों ने लाल किले पर झंडा फहराया है।
विशेष आयुक्त दिल्ली पुलिस दिपेंद्र पाठक ने कहा कि पुलिस हालात पर नियंत्रण पाने कि कोशिश कर रही है, किसान नेताओं से बातचीत चल रही है।
बुराड़ी में रास्ते में कंक्रीट की बैरिकेडिंग को हटाने के लिए किसान क्रेन भी साथ लेकर चल रहे हैं।
दिल्ली: पुलिस आईटीओ इलाके में किसान प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित करने के लिए आंसू गैस का इस्तेमाल कर रही है। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस हमला किया तो पुलिस ने लाठीचार्ज कर उन्हें खदेड़ दिया। इसमें कई पुलिसकर्मी घायल हो गए हैं।
भानु संगठन के कार्यकर्ता चिल्ला बॉर्डर से निकले तो मयूर विहार एक्सटेंशन पर पुलिस ने रोक दिया। किसान बैरिकेड तोड़ते हुए अक्षरधाम की तरफ बढ़ गए। आगे भारी बैरिकेडिंग के चलते मयूर विहार फेज एक से किसान वापस चिल्ला बॉर्डर पहुंचे है। किसानों ने चिल्ला बॉर्डर को जाम कर दिया है।
दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन ने बताया कि आईटीओ मेट्रो स्टेशन के प्रवेश और निकास द्वार बंद कर दिए गए हैं। इसके अलावा सामयपुर बादली, रोहिणी सेक्टर 18/19, हैदरपुर बादली मोर, जहांगीर पुरी, आदर्श नगर, आज़ादपुर, मॉडल टाउन, जीटीबी नगर, विश्व विद्यालय, विधानसभा और सिविल लाइंस के प्रवेश / निकास द्वार बंद किए गए हैं। इंद्रप्रस्थ मेट्रो स्टेशन के प्रवेश / निकास द्वार और ग्रीन लाइन पर सभी स्टेशन बंद हैं।
बॉर्डर पर किसानों की ट्रैक्टर यात्रा को रोकने के लिए तैनात पुलिसकर्मियों ने कहा उन्हें किसी भी तरह की कार्रवाई करने के आदेश नहीं है। किसानों को रोकने के दौरान पुलिसकर्मियों को चुप रहने के आदेश दिए हैं। हमको कुछ नहीं करना है।
ये मेरी जानकारी में नहीं है: टिकैत
ट्रैक्टर रैली के दौरान कुछ जगह पर हो रही हिंसा पर भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने कहा कि ट्रैक्टर रैली शांतिपूर्ण तरीके से चल रही है। ये मेरी जानकारी में नहीं है।
बुराड़ी फ्लाईओवर से ट्रकों को हटा लिया गया है। पुलिस ने बैरिकेडिंग के तौर ट्रक लगाए थे। नुकसान होने के डर से ट्रक चालकों ने ट्रक वापस ले लिए। किसानों ने बुरारी फ्लाईओवर से कूच कर दिया है। बुराड़ी में निहंगों ने पुलिस को दौड़ा दिया है।
अक्षरधाम पर किसानों को आंसू गैस छोड़कर रोकने की नाकाम कोशिश
गाजीपुर से एक जत्था निजामुद्दीन की तरफ बढ़ गया है। अक्षरधाम पर आंसू गैस छोड़कर रोकने की कोशिश की गई लेकिव वो नाकाम हो गई। किसान रूके नहीं। फिलहाल किसान निजामुद्दीन पहुंच गए हैं। पुलिस मौन है किसान आगे बढ़ रहे हैं।
बदरपुर बॉर्डर पर सुरक्षा को बढ़ाया गया
पलवल से भी किसान दिल्ली की तरफ बढ़ रहे हैं। किसानों को दिल्ली आते देख बदरपुर बॉर्डर पर सुरक्षा को बढ़ाया गया। भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है।
दिल्ली के नांगलोई में किसानों और पुलिस में टकराव हो गया है। किसान नजफगढ़ रोड पर जाने को तैयार नहीं है। उनकी कोशिश पीरागढ़ी होते हुए नई दिल्ली आने की है। वहीं, पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को काबू करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े हैं।
बुराड़ी में किसानों ने पुलिस की बैरिकेडिंग तोड़ दी और आगे बढ़ गए। इस पर पुलिस और किसानों में टकराव हो गया। बुराड़ी पर स्थिति बिगड़ गई। पुलिस लगातार आंसू गैस के गोले छोड़ रही है। पुलिस दस्ते ने मोर्चा संभाल लिया है।
लखनऊ के गोमती नगर विस्तार सदर तहसील में किसानों के समर्थन में समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया। इस दौरान पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया।
नांगलोई में किसानों और पुलिस में टकराव
दिल्ली के नांगलोई में किसानों और पुलिस में टकराव के आसार बने हुए हैं। किसान नजफगढ़ रोड पर जाने को तैयार नहीं है। उनकी कोशिश पीरागढ़ी होते हुए नई दिल्ली आने की है। जबकि पुलिस किसानों को तयशुदा रूट पर जाने को समझा रही है। फिलहाल गतिरोध बना हुआ है।
तीनों कृषि कानूनों के खिलाफ विरोध दर्ज कराने के लिए गणतंत्र दिवस के अवसर पर ट्रैक्टर परेड करने के लिए टीकरी बॉर्डर पर किसानों की भारी भीड़ जमी है।
प्रदर्शनकारियों ने पुलिस वाहन पर कब्जा किया
करनाल बाईपास पर प्रदर्शनकारियों ने दिल्ली में प्रवेश करने के लिए पुलिस बैरिकेडिंग को तोड़ दिया। कृषि कानूनों के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे किसानों ने दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर पांडव नगर के पास पुलिस बैरिकेडिंग को हटाया।
सीकरी बॉर्डर पर किसानों को रोकने के लिए आंसू गैस के गोले तैयार करते पुलिसकर्मी। वहीं, करनाल बाइपास पर किसान बैरिकेड तोड़कर दिल्ली की सीमा में घुस गए हैं।
दिल्ली में कूच करने के लिए लोग यूपी गेट से किसान ट्रैक्टर, कार समेत निजी वाहनों से निकल रहे है। अक्षरधाम पर भारी संख्या में ट्रैक्टर पहुंचे हैं। पुलिस ने उनको रोका हुआ है।
गोरखपुर जिले में ट्रैक्टर रैली पर प्रतिबंध
गोरखपुर में ट्रैक्टर रैली निकालने की अनुमति नहीं है। यहां न तो किसी ने रैली के लिए अनुमति ली है और न ही किसी को अनुमति दी गई है। ऐसे में यदि रैली के लिहाज से शहर की ओर कोई ट्रैक्टर लेकर आएगा तो उसका वाहन सीज दिया जाएगा। इसके साथ ही मालिक पर एफआईआर भी दर्ज करायी जाएगी। कोई ट्रैक्टर लेकर न निकले इसके लिए लेखपालों एवं चौकीदारों को भी अलर्ट किया गया है।
पूर्व मंत्री के नेतृत्व में निकाली ट्रैक्टर रैली
गोंडा में सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष व पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के निर्देश पर गणतंत्र दिवस के अवसर पर ट्रैक्टर रैली निकाली गई। पूर्व मंत्री विनोद सिंह उर्फ पंडित सिंह ने इसका नेतृत्व किया।
यूपी के बागपत की तरफ से अभी भी दिल्ली और यूपी गेट के लिए ट्रैक्टर लेकर किसान आ रहे रहे हैं। मुख्य चौराहों पर पुलिस ट्रैक्टरों को निकाल रही है।
बैरीकेडिंग तोड़कर आउटर रिंग रोड की तरफ कूच कर गए हैं किसान
मुकरबा चौक पर बैरीकेडिंग तोड़कर किसान आउटर रिंग रोड की तरफ कूच कर गए हैं। इससे पहले संजय गांधी ट्रांसपोर्ट नगर में किसानों को तितर-बितर करने के लिए पुलिस ने आंसू गैस का इस्तेमाल किया था। सिंघू बॉर्डर से किसानों की ट्रैक्टर रैली यहां पहुंची थी।
जानकारी मिली है कि नाराज किसानों को नियंत्रित करने के लिए मुकरबा चौक पर पुलिस ने दो-तीन आंसू गैस के गोले छोड़े थे। उसके बाद अब बंद कर दिए हैं। पुलिस भीड़ को काबू करने की कोशिश कर रही है। बस में भी तोड़फोड़ की गई है।
चिल्ला बॉर्डर पर ट्रैक्टर को लाइन से लगवाने के लिए मंच से अपील की गई, जिसके बाद मौके पर मौजूद एक ट्रैक्टर चालक उत्साहित होकर स्टंट करने लगा। इस दौरान ट्रैक्टर पलट गया। हादसे में भारतीय किसान यूनियन भानू के जिलाअध्यक्ष राजीव नगर चोटिल हो गए। मौके पर मौजूद भारी संख्या में किसानों ने ट्रैक्टर को सीधा किया।
दिल्ली के मुकरबा चौक पर किसान आउटर रिंग के तरफ जाने के लिए अड़े हुए हैं। इसको लेकर वहां माहौल तनावपूर्ण है। पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े हैं। जिसके बाद बवाल शुरू हो गया है।
यूपी के संतकबीरनगर जिले में किसान आंदोलन के समर्थन में समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने निकाली ट्रैक्टर रैली, शहर के बिधियानी मोड़ पर सड़क जाम की। इस दौरान पुलिस से नोकझोंक हुई।
दिल्ली में ग्रीन लाइन पर इन स्टेशनों पर प्रवेश बंद हैं। ब्रिगेडियर होशियार सिंह, बहादुरगढ़ सिटी, पंडित श्री राम शर्मा, टिकरी बॉर्डर, टिकरी कलां, घेवरा, मुंडका औद्योगिक क्षेत्र, मुंडका, राजधानी पार्क, नांगलोई रेलवे स्टेशन, नांगलोई शामिल हैं। इन स्टेशनों के लिए निकास की अनुमति है।
दिल्ली के लाल किला मेट्रो स्टेशन का एग्जिट गेट बंद कर दिया गया है। इस स्टेशन पर प्रवेश की अनुमति है।
किसानों ने टिकरी बॉर्डर पर बैरिकेड तोड़ दिए हैं और वह नांगलोई तक पहुंच गए हैं। अब किसान नांगलोई में डटे हुए हैं और यह दिल्ली जाने की जिद कर रहे हैं। नांगलोई में भी तनावपूर्ण माहौल पैदा हो गया है। दिल्ली पुलिस और सुरक्षाकर्मियों के हाथ पैर फूल गए हैं।
राजपथ पर चल रहे आयोजन के बीच किसानों के दिल्ली में प्रवेश करने की सूचना पर दिल्ली पुलिस हाई अलर्ट पर हो गई। लाल किला से आईटीओ जाने वाले रास्ते को पूरी तरह बंद कर दिया गया है। जनपथ पर पुलिस की जबरदस्त चेकिंग। हर व्यक्ति व वाहनों को पास व परिचय पत्र देखने के बाद ही राजपथ पर जाने दिया जा रहा है। जिसके पास पास नहीं है या पास के साथ परिचय पत्र नहीं है उनको वापस लौटाया जा रहा है । हर संदिग्ध व्यक्ति पर नजर रखी जा रही है। यहीं पर दिल्ली पुलिस ने अरेस्टिंग टीम तैनात की हैं तो किसी संदिग्ध को तुरंत कार्रवाई करते हुए मौके से ले जाएंगे। किसानों पर भी विशेष नजर रखी जा रही है।
दिल्ली पुलिस के अधिकारियों के साथ बैठक में रूट तय होने के बावजूद किसान गलत ट्रैक पर पहुंच गए हैं। किसान नेता युद्धवीर सिंह और राकेश टिकैत दिल्ली पुलिस के अधिकारियों से सही रूट को लेकर बातचीत कर रहे हैं।
पलवल-फरीदाबाद बार्डर पर किसानों की ट्रैक्टर परेड को लेकर पुलिस बल तैनात है। बड़े वाहनों को आड़ा तिरछा खड़ा कर किसानों को रोकने का प्रयास किया है। फरीदाबाद के बड़खल पुल के पास पुलिस ने कंटेनर लगाए हैं।
फतेहाबाद शहर में चप्पे चप्पे पर पुलिस तैनात।
यूपी गेट पर किसान आंदोलन के मंच से राष्ट्रध्वज फहरने के दौरान महिलाओं और बच्चों ने भी हिस्सा लिया।
यूपी गेट पर किसान आंदोलन में गणतंत्र दिवस के मौके पर राष्ट्रध्वज फहराया गया। मंच के पास किसानों ने खड़े होकर राष्ट्रगान गाया।
तय समय से करीब तीन घंटे पहले निकली ट्रैक्टर रैली करीब 9:30 बजे दिल्ली के मुकरबा चौक पहुंच गई है। दिल्ली पुलिस ने मुकरबा चौक से आउटर रिंग के तरफ जाने वाले रास्ते को पहले ही पूरी तरह बंद कर रखा है। ट्रैक्टर रैली यहां से दाहिनी तरफ मुड़कर बादली व संजय गांधी ट्रांसपोर्ट नगर की तरफ जानी थी, लेकिन किसान आउटर रोड पर जाने के लिए अड़े हैं। फिलहाल पुलिस और किसानों के बीच बातचीत चल रही है।
सिंधु बॉर्डर से ट्रैक्टर किसान यात्रा मुकरबा चौक पहुंच गई है यहां से इनको राइट मुड़कर बादली की तरफ जाना था लेकिन यह बादली की तरफ नहीं जा रहे हैं। किसानों ने जिद की है कि वह मुकरबा चौक से दिल्ली की ओर जाएंगे मुकरबा चौक पर तनाव पूर्ण माहौल बन गया है।
गाजीपुर बॉर्डर पर भी किसान बेरिकेडिंग तोड़कर दिल्ली की सीमा में घुस गए। हालांकि पुलिस अब किसी को भी आगे नहीं जाने दे रही है, किसानों और नेताओं के साथ बातचीत चल रही है।
हाईवे पर लगा 30 किलोमीटर लंबा जाम
गणतंत्र दिवस पर ट्रैक्टर परेड निकालकर किसान आज सरकार को अपनी ताकत का अहसास कराना चाहते हैं। किसानों की ट्रैक्टर परेड को लेकर सोनीपत में हाईवे के साथ ही केएमपी-केजीपी पर करीब 25 से 30 किलोमीटर क्षेत्र में लंबा जाम लगा हुआ है।
दिल्ली में किसानों की ट्रैक्टर रैली को देखते हुए मुकरबा चौक से रास्ता पूरी तरह से बंद कर दिया गया है।
कृषि कानून रद्द कराने की मांग को लेकर आंदोलन के बीच आज किसान ट्रैक्टर रैली निकाल रहे हैं। सिंघु बॉर्डर पर बैरिकेड हटाकर किसान ट्रैक्टर लेकर आगे बढ़ गए हैं।
कृषि कानूनों के विरोध में किसानों की ट्रैक्टर रैली शुरू
दिल्ली के धांसा बॉर्डर पर तीनों कृषि कानूनों के विरोध में किसानों की ट्रैक्टर रैली शुरू हो गई है।
कृषि क़ानूनों के खिलाफ टिकरी बॉर्डर पर विरोध प्रदर्शन कर रहे किसानों ने पुलिस बैरिकेडिंग तोड़ी।
प्रदर्शनकारी किसानों ने दिल्ली-हरियाणा टीकरी सीमा पर पुलिस बैरिकेडिंग तोड़ दी है। किसान तीनों कृषि कानूनों के विरोध में किसान आज ट्रैक्टर रैली निकाल रहे हैं।
गणतंत्र दिवस और किसान ट्रैक्टर रैली को देखते हुए फरीदाबाद-पलवल बॉर्डर पर सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है।
सिंघु बॉर्डर पर किसान ट्रैक्टर रैली कंझावला चौक-औचंदी सीमा-केएमपी-जीटी रोड जंक्शन की ओर बढ़ रही है।
देश की राजधानी दिल्ली में गणतंत्र दिवस और किसानों की ट्रैक्टर रैली को देखते हुए करनाल बाईपास पर एक अस्थायी दीवार खड़ी की गई है। गाड़ियों को राजधानी में प्रवेश नहीं दिया जा रहा है।
पुरुषों के अलावा ट्रैक्टर रैली में महिलाएं भी शामिल होंगी। रैली में शामिल हो रही खान ने दावा किया कि आज की को परेड में करीब 500 महिलाएं भी मौजूद रहेंगी।
तमिलनाडु के 200 किसान पहुंचे गाजीपुर
गाजीपुर बॉर्डर पर तमिलनाडु के किसानों का एक जत्था पहुंचा है। करीब 200 किसानों ने यहां पहुंचकर कहा कि वह आंदोलन कर रहे किसानों का समर्थन करने आए हैं।
परेड में साथ होगा मोबाइल अस्प्ताल
ट्रैक्टर परेड में शामिल होने वाले हजारों की संख्या में पहुंचने वाले किसानों और समर्थकों की सेहत का भी पूरा ध्यान रखा जा रहा है। परेड की निगरानी के साथ-साथ एक मोबाइल अस्पताल भी साथ होगा ताकि किसी की तबियत खराब होने पर तत्काल उपचार किया जा सके।