दिल्ली पुलिस की ओर से टीकरी बॉर्डर (आंदोलन स्थल) पर किसानों से धरना खाली करने की चेतावनी के पोस्टर को अप्रांसगिक करार दिया है। संयुक्त किसान मोर्चा ने कहा कि किसान अपने मौलिक अधिकारों का प्रयोग करते हुए शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे हैं। पुलिस के इस कदम की निंदा करते हुए मोर्चा ने किसानों से शांतिपूर्ण जारी रखने की अपील की है।
इस तरह की धमकियों और चेतावनी से किसान आंदोलन खत्म नहीं होगा। आंदोलन को खत्म करने की साजिशों से आंदोलन कमजोर नहीं होगा बल्कि किसानों का संघर्ष और मजबूत होगा। डॉ. दर्शनपाल ने आरोप लगाया कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश में किसानों के संघर्ष को बदनाम करने की कोशिश की जा रही है।
उन्होंने भाजपा नेता व कार्यकर्ताओं पर किसानों के साथ मारपीट का आरोप लगाते हुए कहा कि पुलिस ने कार्यकर्ताओं पर कार्रवाई की बजाय किसानों को ही गिरफ्तार कर लिया। सरकार की किसान विरोधी साजिशों का हम कड़ा विरोध करते है। भाजपा की ओर से किसान आंदोलन को बदनाम करने की लगातार कोशिशें की जा रही हैं। इसे सफल नहीं होने देंगे, किसानों के इस संघर्ष को कामयाबी मिलेगी।