घरेलू एयरपोर्ट पर कनाडा के नागरिक व इंडिगो के पायलट को टैक्सी में बैठाकर उससे लूटपाट करने वाले तीन बदमाशों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।
आरोपी टैक्सी पर फर्जी नंबर लगाकर वारदात को अंजाम दे रहे थे। पुलिस ने बदमाशों की गिरफ्तारी से लूटपाट के चार मामले को सुलझाने का दावा किया है। बदमाशों पर दिल्ली, गाजियाबाद और मेरठ में दर्जनों मामले दर्ज हैं। पुलिस ने इनके पास से नकली नंबर प्लेट, पीड़ित का पहचान पत्र के अलावा टैक्सी जब्त कर ली है।
एयरपोर्ट पुलिस उपायुक्त संजय भाटिया ने बताया कि पकड़े गए बदमाशों की पहचान मेरठ निवासी मेहराज सलमानी (31), आसिफ(22) और फरमान(22) के रूप में हुई है। मेहराज पर हत्या के प्रयास, लूट और आर्म्स एक्ट के पांच मामले दर्ज हैं और वह गिरोह का सरगना है। वह वर्ष 2012 से ओला कैब चलाता था। फिलहाल गढ़वाली टैक्सी सर्विस का टैक्सी चलाता था। वहीं आसिफ और फरमान पर पांच पांच मामले दर्ज हैं।
कनाडा के नागरिक मोहम्मद मेंहदी घजनफानी इंडिगो विमान में पायलट हैं। बीते 13 जुलाई की रात वह घरेलू एयरपोर्ट पर कंपनी की कैब का इंतजार कर रहा था। इसी दौरान एक टैक्सी चालक उनके पास आया और सौ रुपये में गंतव्य तक छोड़ने की बात कही। टैक्सी में तीन लोग पहले से बैठे थे।
इसके बाद आरोपियों ने कार के दरवाजे को अंदर से लॉक कर दिया और पीड़ित से लूटपाट करने लगे। बदमाशों ने मोहम्मद मेंहदी से एटीएम कार्ड लेकर उससे एक लाख रुपये निकाल लिए। साथ ही वीजा कार्ड से 20 हजार रुपये निकाल लिए। इसके अलावा बदमाशों ने पीड़ित का पर्स छीन लिया, जिसमें 12 हजार रुपये थे। करीब दो घंटे तक बंधक बनाने के बाद आरोपियों ने उसे महिपालपुर फ्लाई ओवर पर छोड़कर फरार हो गए।
पीड़ित ने आरोपियों के कार का नंबर नोट कर लिया। शिकायत पर पुलिस ने कार नंबर के जरिए मालिक की पहचान की लेकिन पता चला कि बदमाश नकली नंबर प्लेट लगाकर वारदात को अंजाम दे रहे थे। उसके बाद पुलिस को सीसीटीवी और तकनीकी जांच से मेरठ के बदमाश मेहराज के वारदात में शामिल होने की जानकारी मिली।
पुलिस ने मेरठ स्थित उसके घर पर दबिश दी। जहां पता चला कि एक मामले में साहिबाबाद थाना पुलिस उन्हें सहयोगियों के साथ पकड़कर ले गइ है। साहिबाबाद अदालत में दिल्ली पुलिस ने आरोपियों से पूछताछ की। जिसमें आरोपियों ने अपना अपराध कबूल कर लिया। दिल्ली पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
अगवा कर एटीएम से निकलवाते थे नकदी
पूछताछ में आरोपियों ने अब तक चार वारदात को अंजाम देने का खुलासा किया है। सभी मामलों में बदमाशों ने पीड़ित को बंधक बनाकर उनसे नकदी और एटीएम लूट लेते थे फिर एटीएम के पिन नंबर की जानकारी लेकर अकाउंट से रुपये निकाल लेते थे।
पुलिस के अनुसार बदमाशों ने दिल्ली कैंट इलाके में 30 जून को अपनी टैक्सी में बिठाकर उससे लूटपाट की थी। बदमाशों ने पीड़ित के अकाउंट से 90 हजार रुपये निकाल लिए थे। इसी तरह से बदमाशों ने 20 जून को एक डॉक्टर को बंधक बनाकर उससे 20 हजार रुपये लूट लिए थे। जबकि 1 जुलाई को बदमाशों ने विजय नगर, गाजियाबाद में पीड़ित को टैक्सी पर बिठाकर उसके दो एटीएम कार्ड से 90 हजार रुपये निकाल लिए थे।