राजधानी में 9 सितंबर से पब, क्लब और बार खुल जाएंगे। उपराज्यपाल अनिल बैजल ने बृहस्पतिवार को दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (डीडीएमए) की बैठक में दिल्ली सरकार के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। हालांकि, उपराज्यपाल ने इसकी मंजूरी बतौर ट्रायल 30 सितंबर तक ही दी है।
उपराज्यपाल की मंजूरी मिलने के बाद अब 9 सितंबर से राजधानी के रेस्तरां, पब, बार और क्लब में शराब परोसी जा सकती है। कोविड-19 को ध्यान में रखते हुए सभी तरह के नियम-कायदों का पालन किया गया तो अवधि बढ़ाई जा सकती है। पब और बार चलाने वालों को निर्धारित मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) का सख्ती से पालन करना होगा।
दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (डीडीएमए) ने उपराज्यपाल की मंजूरी की बाद दिल्ली में पब और बार चलाने वालों के लिए एसओपी भी जारी कर दी है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से जारी गाइडलाइन पर ही एसओपी तैयार किया गया है।
डीडीएमए के अनुसार कंटेनमेंट जोन में शराब की सेवन के लिए बार-पब, रेस्टोरेंट ना तो खुलेंगे आर ना ही शराब परोसे जाएंगे। स्क्रीनिंग और जांच के बाद ही ग्राहकों को ही प्रवेश की अनुमति मिलेगी। स्वीकृत सीटों में 50 प्रतिशत से ज्यादा लोगों को बार-पब में शराब सेवन की अनुमति नहीं दी जाएगी। यानी क्षमता से आधे लोग ही यहां शराब का सेवन करेंगे। परिसर को पूरे तरह से सैनिटाइज किया जाएगा। थर्मल चेकिंग की व्यवस्था होगी।
एसओपी नहीं मानने वालों के लाइसेंस होंगे निरस्त
एसओपी नहीं मानने वाले पब-बार, क्लब, रेस्टोरेंट, होटलों के लाइसेंस निरस्त कर दिए जाएंगे। परिसर में कोविड-19 से बचाव के लिए पोस्टर लगाना होगा। फेस कवर, मास्क और दस्ताना पहन कर ही शराब परोसी जाएगी।
अर्थव्यवस्था सुधारने की कवायद
गौरतलब कि दिल्ली सरकार कोरोना की वजह से आर्थिक संकट से जूझ रही है। पिछले दिनों इसी आधार पर शराब बिक्री केंद्र खोले गए थे और कोरोना सेस भी लगाया गया था। कोरोना सेस हटाने के बाद भी शराब की कीमत बढ़ा दी गई ताकि सरकार की आर्थिक स्थिति मजबूत हो सके। सरकार ने अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए उद्योगों के साथ ही बाजार, मॉल, रेस्तरां को भी खोलने की अनुमति दी।