उत्तर-पूर्वी जिले में हुई हिंसा के दौरान उपद्रवियों ने जमकर तेजाब का इस्तेमाल किया था। निगम पार्षद हाजी ताहिर हुसैन की छत से भी तेजाब के कई पाउच बरामद हुए थे। माना जा रहा है कि हिंसा में इस्तेमाल हुआ तेजाब शिव विहार के गोविंद विहार स्थित चल रही एसिड की फैक्टरी से आया था।
फैक्टरी को लेकर सोशल मीडिया पर कई वीडियो वायरल हुए तो इसकी जानकारी हुई। हिंसा के बाद सोमवार से ही इसका मालिक फिरोज खान मौके से फरार है। यहां आरोपी बोतलों पर गंगाजल लिखकर इलाके में तेजाब की सप्लाई कर रहा था।
यहां 500-500 लीटर की बड़ी टंकियों में तेजाब भरा हुआ बरामद हुआ है। सभी पर गंगाजल भी लिखा हुआ था। इलाके के लोगों का है कि पिछले करीब 20-22 साल से इलाके में अवैध रूप से यह फैक्टरी चल रही थी। कई बार शिकायत करने के बाद भी आरोपी के खिलाफ काई कार्रवाई नहीं की गई।
गोविंद विहार की जिस फैक्टरी में धड़ल्ले से तेजाब बनाने का काम चल रहा था, उसके ठीक बराबर में एक निजी स्कूल है। यमुना विहार निवासी आरोपी फिरोज खान पिछले काफी समय से तेजाब की फैक्टरी को चला रहा था। उसकी फैक्टरी में हमेशा ही भारी मात्रा में केमिकल मौजूद रहता है।
तेजाब बनाने के दौरान उससे उठने वाला धुआं भी स्कूल व पड़ोसियों के घरों तक जाता था। इसकी वजह से लोगों को खासी दिक्कत हो रही थीं। स्थानीय निवासी ने बताया कि सोमवार को हिंसा के बाद से फैक्टरी का मालिक अपनी फैक्टरी को बंद कर फरार हो गया था।
करीब 100 गज से अधिक के एरिया में हजारों लीटर तेजाब टंकियों में भरा हुआ है। गंगाजल के नाम से इस उत्तर-पूर्वी दिल्ली के इलाके में सप्लाई किया जाता था।