यूपी के जेवर स्थित नोएडा एयरपोर्ट पर 250 करोड़ रुपये का प्रोजेक्ट दिलाने के नाम पर प्रताप बिल्डर से 25 लाख रुपये ठगने का मामला सामने आया है। आरोपी प्रताप बिल्डर से 50 लाख रुपये और ऐंठते, लेकिन उससे पहले ही पीड़ित को ठगी का एहसास हो गया। आरोपियों ने यीडा के अधिकारी बनकर ठगी को अंजाम दिया। साथ ही यूपी में नेताओं से जान-पहचान व गृह मंत्रालय में अधिकारियों से साठगांठ होने का भी झांसा दिया। बिल्डर की शिकायत पर चाणक्यपुरी थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। आरोपियों को गिरफ्तार करने के लिए विशेष टीम गठित की गई है।
नई दिल्ली जिला पुलिस अधिकारियों के अनुसार, प्रताप बिल्डर के मालिक निर्भय प्रताप सिंह ने शिकायत में बताया कि उसकी प्रयागराज निवासी सुजीत मिश्रा और नोएडा निवासी करण कुमार से नोएडा अथॉरिटी में कुछ महीने पहले जान-पहचान हुई थी। इसके बाद बातचीत होने लगी, तो इन्होंने जेवर स्थित नोएडा एयरपोर्ट पर 250 करोड़ का अर्थ फिलिंग का प्रोजेेक्ट दिलाने की बात कही थी। आरोपियों ने बिल्डर से कुल रकम का एक फीसदी मांगा। आरोपियों ने बिल्डर की फर्म के पक्ष में वेलकम लेटर लेने के लिए 25 लाख रुपये मांगे। दिल्ली के पांच सितारा होटल ताज पैलेस में आरोपियों को 25 लाख रुपये 9 फरवरी, 2021 को दे दिए।
निर्भय प्रताप सिंह को उसी दिन प्रोजेक्ट मिलने का मेल आया। जब ये मेल चेक किया तो फर्जी लगा। इसके बाद पीड़ित के पास यीडा के चीफ एग्जीक्यूटिव ऑफिसर अरुणवीर सिंह के नाम से लैंडलाइन नंबर से फोन आया। बाद में पता लगा कि ये फोन कॉल भी फर्जी था। आरोपियों ने पीड़ित का आई फोन भी ये कहकर ले लिया कि फोन गृह मंत्रालय के एक अधिकारी को देना है। निर्भय प्रताप सिंह ने इसकी शिकायत चाणक्यपुरी थाना पुलिस को की। चाणक्यपुरी थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ताज होटल की सीसीटीवी फुटेज निकलवाई जा रही है।