दिल्ली के जाकिर नगर की इमारत में हादसे के समय 70 से अधिक लोग थे। पड़ोसी और बचाव दल समय पर आग में फंसे लोगों को नहीं निकालते तो हादसा और बड़ा हो सकता था।
पड़ोस में रहने वाले दो भाइयों ने अपनी छत पर जाकर आग वाली इमारत की तीसरी और चौथी मंजिल की दीवार दो जगह से तोड़ दी। उन्होंने 17 लोगों की जान बचाई। इन दोनों के साथ पड़ोस के अन्य लोग और दमकलकर्मी भी थे।
उनके साहस की सभी प्रशंसा कर रहे हैं। करीब दो बजे लगी आग के बाद साढ़े चार बजे तक लोगों को बिल्डिंग से निकाला गया। सुबह 5 पांच बजे दमकलकर्मियों को तीसरी मंजिल की सीढ़ियों से एक शव मिला।
हादसे वाली इमारत के बिल्कुल पास की दोमंजिला बिल्डिंग में रहने वाले निशात खान (35) ने बताया कि रात करीब 2:10 बजे अचानक उन्होंने चिल्लाने की आवाज सुनी। बालकनी से निकलकर देखा तो उनके बराबर वाली बिल्डिंग की पार्किंग में आग लगी थी।