शालीमार बाग में फोन पर बात करने से मना करने पर एक युवक ने युवती के शरीर पर ज्वलनशील पदार्थ डालकर आग लगा दी। आग लगाने के बाद युवक ने खुद ही कंबल डालकर आग बुझायी और उसे अंबेडकर अस्पताल में भर्ती करा दिया।
आरोपी ने युवती को उसके खिलाफ बयान देने पर पिता और भाई की हत्या की धमकी दी। धमकी से डरकर युवती ने पहले पुलिस को गलत बयान दिया, लेकिन अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद उसने युवक पर हत्या के प्रयास का आरोप लगाया है।
18 वर्षीय युवती परिजनों के साथ शालीमार बाग में रहती है। 24 अगस्त युवती हैदरपुर स्थित एक झुग्गी में संदिग्ध हालत में झुलस गई। अंबेडकर अस्पताल से मिली सूचना पर पुलिस ने छानबीन शुरू की। युवती को वहां से सफदरजंग अस्पताल रेफर कर दिया गया।
पुलिस ने उस झुग्गी का मुआयना किया, जहां युवती झुलसी थी। वहां से पुलिस को एक बोतल में कुछ ज्वलनशील पदार्थ, युवती के जले कपड़े मिले। पुलिस ने सफदरजंग अस्पताल में लड़की का बयान दर्ज किया। इस दौरान युवक की धमकी से डरी युवती ने कहा कि वह अपनी लापरवाही से जल गई थी।
अब अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद थाने पहुंचकर युवती ने हैदरपुर झुग्गी निवासी बबलू पर जलाने का आरोप लगाया। युवती ने बताया कि वह बबलू से 8 महीने फोन पर बात कर रही थी। इस बात की जानकारी मिलने पर मां ने उसे समझाया। उसके बाद से वह बबलू से बातचीत बंद कर दी। बबलू अन्य नंबरों से फोन कर बात करने का कोशिश करता रहा।
24 को उसने बातचीत करने मनोज की झुग्गी में बुलाया और उस पर ज्वलनशील पदार्थ डालकर आग लगा दी। फिर कंबल डालकर आग बुझायी और अस्पताल पहुंचाया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि युवती का 164 का बयान अदालत में दर्ज करवाकर युवक के खिलाफ हत्या का प्रयास का मामला दर्ज कर लिया गया है और उसकी तलाश में दबिश दी जा रही है।