यमुना प्राधिकरण की बोर्ड बैठक सोमवार होगी जो दोपहर करीब एक बजे तक खत्म होने की उम्मीद है। बोर्ड बैठक में जेवर में प्रस्तावित एयरपोर्ट की जमीन का लैंडयूज बदलने पर मुहर लगेगी।
जेवर में एयरपोर्ट के लिए करीब 3000 हेक्टेयर जमीन चिह्नित की गई है। मौजूदा समय में इसका लैंडयूज कृषि है। परी चौक से यमुना सिटी के सेक्टर-18 व 20 तक प्रस्तावित मेट्रो को जेवर एयरपोर्ट तक ले जाने पर भी मुहर लगेगी। पहले परी चौक से 20 किलोमीटर लंबाई थी, जो बढ़कर 39 किलोमीटर हो जाएगी।
यमुना एक्सप्रेसवे को एयरपोर्ट तक जाने के लिए लिंक मार्ग को कट व लूट बनाकर जोड़ा जाएगा। इस कट व लूप बनाने के प्रस्ताव को भी हरी झंडी मिलेगी। जेपी इंफ्राटेक से बकाया रकम की वसूली का प्रस्ताव भी बोर्ड के समक्ष रखे जाने की योजना है। इसके अलावा जिन बैंकों ने जेपी इंफ्राटेक से जमीन ली है उनसे अतिरिक्त मुआवजे की रकम लेनी है।
प्राधिकरण ने बैंकों से जल्द पैसा जमा कराने को कहा है। इस पर बैंकों ने थोड़ा और वक्त देने को कहा है। बैंकों को समय देने का प्रस्ताव भी बोर्ड के समक्ष रखा जाएगा।
प्राधिकरण की सरकारी मेल से हुई थी शिकायत
ग्रेटर नोएडा। यमुना प्राधिकरण के चेयरमैन और प्रमुख सचिव औद्योगिक विकास पर 50-50 लाख रुपये रिश्वत लेने के फर्जी आरोप में एक और तथ्य सामने आया है। यह शिकायत प्राधिकरण की अधिकारिक वेबसाइट से की गई थी। जांच अधिकारी ने इसका पता लगा लिया है। इस मामले में जल्द ही एक-दो और प्राधिकरण कर्मियों की गिरफ्तारी हो सकती है। इसी फर्जी शिकायत के मामले में डीजीएम एके सिंह (अब रिलीव हो चुके हैं) को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। बाकी की जांच चल रही है।