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विश्व मधुमेह दिवस: तीन सवाल के जवाब बताएंगे कितना नियंत्रण में है मधुमेह, इस आयु वाले कामकाजी हो रहे शिकार

Thu, 14 Nov 2024 08:11 PM IST
श्याम जी. राकेश शर्मा, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

विशेषज्ञ बताते हैं कि शोध में सभी मरीजों से तीन सवाल किए गए। उन्हें हर सवाल पर 0 से 5 अंक दिए गए। 15 के योग अंक के आधार पर मरीजों का विश्लेषण किया गया।
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विस्तार
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समय पर दवा का सेवन, उचित समय पर आहार और नियमित व्यायाम जैसे तीन ऐसे सवाल हैं, जिनके जवाब तय करते हैं कि मधुमेह कितना नियंत्रण में है। यदि इन तीनों का तालमेल बिगड़ता है तो मधुमेह गंभीर हो सकता है। इसका पता एक शोध से चला है। इसमें मधुमेह के 3,338 मरीजों को शामिल किया गया।

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विशेषज्ञ बताते हैं कि शोध में सभी मरीजों से तीन सवाल किए गए। उन्हें हर सवाल पर 0 से 5 अंक दिए गए। 15 के योग अंक के आधार पर मरीजों का विश्लेषण किया गया। 10 साल तक किए गए निगरानी के बाद पता चला कि अधिकतर मरीज इन तीनों नियम का पालन नहीं करते। इसके अभाव में मधुमेह ठीक या नियंत्रण में रहने की जगह और गंभीर होता जाता है। इसके अलावा यह भी देखा गया कि मधुमेह के मरीज रोग को लेकर लापरवाह होते हैं।

मधुमेह के अध्ययन के लिए अनुसंधान सोसायटी के सलाहकार विशेषज्ञ डॉ. राजेश केसरी ने बताया कि शोध अधिकतर मरीजों में मधुमेह का प्रबंधन खराब है। इन सवालों के जवाब से पता चल सकता है कि आगे चलकर मरीज में मधुमेह कितना नियंत्रण में रहेगा। स्कोर के आधार पर मरीज के इलाज में क्या बदलाव करना है। उन्होंने कहा कि दवा, आहार और व्यायाम के पालन से मधुमेह को नियंत्रण में रखा जा सकता है। मधुमेह रोगी प्रबंधन के सभी घटक जैसे- दवाएं, आहार नियंत्रण और व्यायाम अच्छे ग्लाइसेमिक नियंत्रण को प्राप्त करने में महत्वपूर्ण हैं। व्यायाम की तुलना में आहार नियंत्रण का ग्लाइसेमिक मापदंडों को कम करने पर प्रमुख प्रभाव हो सकता है।
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गांव में तेजी से बढ़ रहा मधुमेह
एम्स के एंडोक्राइनोलॉजी विभाग के प्रोफेसर डॉ. राजेश खड़गावत ने कहा कि स्वास्थ्य मंत्रालय का स्वास्थ्य सर्वेक्षण 5 से पता चलता है कि ग्रामीण क्षेत्रों में तेजी से मधुमेह बढ़ रहा है। इसकी चपेट में 30 से 50 साल की उम्र वाले कामकाजी लोग आ रहे हैं। यह एक चिंता का विषय है। अभी तक मधुमेह शहरी क्षेत्रों में ज्यादा देखा जाता था। इसके पीछे जीवनशैली में बदलाव, स्वास्थ्य सेवाओं की कमी, शिक्षा और जागरूकता की कमी, आर्थिक कारक सहित अन्य कारण हैं।

सेंसर रखेगा शरीर में मधुमेह पर नजर
आने वाले दिनों में मधुमेह के लिए खून से जांच करने की जरूरत नहीं रहेगी। शरीर में एक सेंसर लगा दिया जाएगा जो अगले छह माह तक मधुमेह के स्तर की निगरानी करेगा। साथ ही स्तर घटने या बढ़ने पर चेतावनी भी देगा। इसे लेकर देश के विशेषज्ञ विदेश के डॉक्टरों के साथ मिलकर इस पर शोध कर रहे हैं। अनुमान है कि यह सेंसर जल्द तैयार होगा। इसके अलावा मधुमेह के नियंत्रण को लेकर आने वाले दिनों में कुछ दवाएं भी मिल सकती हैं।
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यह होना चाहिए मधुमेह का स्तर
खाना खाने से पहले स्तर
सामान्य स्तर: 70-99 मिलीग्राम/डीएल
प्री-डायबिटीज: 100-125 मिलीग्राम/डीएल
मधुमेह: 126 मिलीग्राम/डीएल या उससे अधिक
खाना खाने के 2 घंटे बाद का स्तर
सामान्य स्तर: 140 मिलीग्राम/डीएल से कम
प्री-डायबिटीज: 140-199 मिलीग्राम/डीएल
मधुमेह: 200 मिलीग्राम/डीएल या उससे अधिक

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