पत्नी से मारपीट और प्रताड़ित करने के विवाद में फंसे पूर्व कानून मंत्री सोमनाथ भारती शुक्रवार को महिला आयोग के समक्ष पेश नहीं हुए। भारती ने पत्र भेजकर आयोग को बताया कि वह विधानसभा सत्र जारी रहने के कारण पेश नहीं हो सकते, लिहाजा कोई अन्य तारीख दी जाए।
महिला आयोग ने एक बार फिर समन जारी कर सोमनाथ भारती को तीन जुलाई को पेश होने का निर्देश दिया है। आयोग का कहना है कि अगर भारती फिर भी नहीं आते तो पुलिस को रिपोर्ट बनाकर भेज दी जाएगी। इससे पहले सोमनाथ भारती व उनकी पत्नी लिपिका मित्रा बृहस्पतिवार को द्वारका स्थित महिला अपराध शाखा काउंसलिंग के लिए गए थे लेकिन दोनों के बीच समझौता नहीं हो सका।
महिला आयोग पहुंची लिपिका ने कहा कि काउंसलिंग के बाद भी भारती से अलग होना चाहती हैं। वह सोमनाथ के व्यवहार से वाकिफ हैं। लिपिका के साथ उनके भाई भी महिला आयोग पहुंचे थे।
महिला आयोग की अध्यक्ष बरखा शुक्ला सिंह ने कहा कि आयोग परिवार को जोड़ना चाहता है। हमारा मकसद था कि वह यहां आएं और दोनों पक्षों में बातचीत हो। इसलिए हमने उन्हें पत्र भेजा था लेकिन ऐसा लगता है कि वह आना ही नहीं चाहते।
पूर्व कानून मंत्री के पत्र के संबंध में आयोग की अध्यक्ष ने कहा कि भारती के पत्र का संज्ञान नहीं लिया गया है क्योंकि आयोग के दफ्तर में सुबह 11 बजे तक ही पत्र स्वीकार किए जाते हैं।