कोरोना वायरस से ग्रसित महिला बंगलूरू से दिल्ली आई थी। दिल्ली से महिला देश की पहली सेमी हाई स्पीड ट्रेन गतिमान से आगरा गई थी। इस मामले में रेलवे ने एहतियात बरतते हुए जिस कोच में महिला यात्रा की थी उस कोच को गतिमान ट्रेन से हटा दिया गया है। महिला गतिमान यात्री C-8 कोच में सवार थी। इस कोच में कुल 77 यात्री सवार थे। जिस कोच में वायरस से ग्रसित महिला यात्रा कर रही थी उस ट्रेन में 15 रेलवे के भी स्टाफ थे।
रेलवे ने एहतियात बरतते हुए यात्रिओ के निवास् स्थान के पते के आधार संबंधित जिला प्रशासन को सभी यात्रियों का एड्रेस सौंप दिया है ताकि उन पर निगरानी रखी जा सके। यात्रियों के मोबाइल नंबर को भी जिला प्रशासन को दिया गया है। ताकि कोरेन्टइन मे रखा जा सके। रेलवे अपने कर्मचारियों को भी जांच के दायरे में रखा है। 14 दिनों तक यात्री और रेलवे स्टाफ को निगरानी में रखा जाएगा। गतिमान ट्रेन पिछले दिनों निजामुद्दीन से आगरा के लिए रवाना हुई थी। इसी ट्रेन में महिला यात्रा कर रही थी।
स्वास्थ्य कर्मियों का घेरा तोड़ कर महिला बंगलूरू से दिल्ली पहुचीं और ट्रेन से आगर गई थी। उस कोच को पूरी तरीके से सैनिटाइज किया जा रहा है। अब यह कोच कुछ दिनों के बाद ही आम यात्रियों के लिए देश की पहली सेमी हाई स्पीड ट्रेन में लगाई जाएगी। रेलवे अधिकारियों का कहना है वायरस की शिकार महिला के वजह से एहतियात के तौर पर कोच को हटाया गया है उस कोच में यात्रा करने वाले सभी यात्रियों और रेलवे कर्मचारियों पर ध्यान देने का निर्देश दिया गया। उन्हें जांच के दायरे में रखा गया है। ताकि यह वायरस आम लोगों तक नहीं फैल सके।