यमुना और मुनक नहर के पानी में अमोनिया की मात्रा एक बार फिर बढ़ी पाई गई है। इसे पूरी तरह साफ करने में
दिल्ली जल बोर्ड के आधा दर्जन संयंत्रों में शोधन का काम प्रभावित हुआ है। इससे नई दिल्ली समेत करीब 40 प्रतिशत इलाके में पेयजल आपूर्ति प्रभावित हुई है। अगले कई दिन तक प्रभावित इलाकों में पेयजल संकट बने रहने की आशंका है।
क्षमता से कम शोधन कर पा रहे हैं दिल्ली जल बोर्ड के कई संयंत्र, कई दिन रहेगा पेयजल संकट
दिल्ली जल बोर्ड के मुताबिक, यमुना और मुनक नहर के पानी में अमोनिया की मात्रा सामान्य से कहीं अधिक पाए जाने के कारण चंद्रावल, वजीराबाद, हैदरपुर, नांगलोई, द्वारका, बवाना आदि जल शोधन संयंत्रों में काम प्रभावित हुआ है। दरअसल, अमोनिया की मात्रा अधिक होने से संयंत्र पूरी क्षमता से जल शोधन नहीं कर पाते।
जल बोर्ड के अनुसार, समस्त जल शोधन संयंत्रों में करीब 70 प्रतिशत ही पानी साफ हो पाया है। इन संयंत्रों से जुड़े नई दिल्ली, उत्तरी दिल्ली, मध्य दिल्ली, दक्षिण दिल्ली, पश्चिमी दिल्ली और दिल्ली छावनी के अधिकांश इलाकों में पेयजल आपूर्ति प्रभावित रही। जल बोर्ड का कहना है कि हरियाणा के कई शहरों में प्रदूषणयुक्त पानी यमुना में डालने के चलते अमोनिया की मात्रा में बढ़ोतरी हुई है।