नगर निगम स्लम एरिया और पेयजल किल्लत वाले क्षेत्रों में वाटर एटीएम लगाएगा। अब पार्षदों ने निगम की इस योजना को सैद्धांतिक सहमति दे दी है।
जल्द ही प्रस्ताव निगम की बोर्ड बैठक में रखा जाएगा। पार्षदों ने 17 अप्रैल को होने वाली बोर्ड बैठक से पहले कंपनी से प्रेजेंटेशन दिलाने को कहा है। योजना परवान चढ़ी तो लोगों को महज 20 पैसे प्रति लीटर की दर पर आरओ फिल्टर्ड पानी मिल सकेगा।
दिल्ली में यह सुविधा पहले से शुरू हो चुकी है। एक प्राइवेट फर्म ने अब गाजियाबाद नगर निगम से संपर्क कर ऐसी सुविधा देने का प्रस्ताव दिया है।
निगम अधिकारियों के मुताबिक करोड़ों रुपये के इस प्रोजेक्ट पर नगर निगम को एक रुपया भी खर्च नहीं करना होगा। कंपनी अपने खर्च पर आरओ और ट्यूबवेल लगाएगी। नगर निगम को सिर्फ आरओ मशीन और ट्यूबवेल लगाने के लिए जमीन मुहैया करानी होगी।
नगर निगम के अधिशासी अभियंता एके सिंह ने बताया कि निगम बोर्ड अगर तैयार हो तो कंपनी प्रेजेंटेशन देने के लिए तैयार है। उन्होंने बताया कि लोगों को पांच लीटर पानी के लिए महज एक रुपया खर्च करना पड़ेगा।
पार्षदों ने कहा प्रस्ताव पर करेंगे चर्चा
शुरूआत में योजना को ट्रायल बेस पर चुनिंदा क्षेत्रों में शुरू किया जा सकता है। प्रोजेक्ट सफल रहा तो पूरे शहर में योजना लागू की जा सकती है। शहर में ग्राउंड वाटर प्रदूषित हो जाने के बाद यह शुद्ध पानी के लिए बेहतर विकल्प हो सकता है। -बाबू सिंह आर्य, बसपा पार्षद
महानगर में अधिकांश कालोनियां ऐसी हैं जहां शुद्ध पानी नहीं मिल रहा है। लोग अभी भी 10 से 15 रुपये लीटर पानी खरीद रहे हैं। अगर 20 पैसे प्रति लीटर पानी मिलता है तो यह बेहतर योजना हो सकती है। - मोनिका मित्तल, भाजपा पार्षद
योजना अच्छी है। निगम अधिकारी प्रस्ताव तैयार कर बोर्ड बैठक में प्रस्तुत करेंगे तो इस पर चर्चा की जाएगी। प्रदूषित ग्राउंड वाटर वाले क्षेत्रों से शुरूआत की जा सकती है। - मुकेश त्यागी, भाजपा पार्षद
इन क्षेत्रों में लाभकारी हो सकती है योजना
विजयनगर, प्रताप विहार, कैला भट्ठा, विवेकानंद नगर, शालीमार गार्डन, लाजपतनगर, श्यामपार्क, साहिबाबाद, झंडापुर, ब्रिज विहार, भोपुरा, पसौंडा