फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

आप के एक और ‘नगीने’ की पोल पट्टी खुली, पार्टी के मुखौटे के पीछे खास आदमी पार्टी: विजेंद्र

Thu, 11 Oct 2018 04:30 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
विजेंद्र गुप्ता
विज्ञापन

विधानसभा में नेता विपक्ष विजेंद्र गुप्ता ने मुख्यमंत्री से परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत को तुंरत मंत्री पद से बर्खास्त करने की मांग की। उन्होंने तंज कसा कि इस छापेमारी से साफ है कि आम आदमी पार्टी के मुखौटे के पीछे खास आदमी पार्टी है। 

विज्ञापन


उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के कथित 67 नगीनों में से एक और ‘नगीने’ की पोल पट्टी खुल गई है। साथ ही आरोप लगाया कि आयकर विभाग को निष्पक्ष रूप से काम नहीं करने दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री केजरीवाल सहित पूरी पाटी आयकर विभाग की छापेमारी के बाद ही मंत्री को भ्रष्ट तरीकों से संरक्षण देने में जुट गई। वे विभाग पर अनर्गल आरोप लगाकर जांच में रोड़ा अटका रहे हैं। उनका एक ही उद्देश्य है कि मामले का इतना राजनीतिकरण किया जाए कि जनता का ध्यान छापेमारी से हट जाए।    

गुप्ता ने कहा कि सरकार के मंत्री और विधायक भ्रष्टाचार में लिप्त होने के आरोपों से बरी नहीं हुए हैं। उनकी जांच अभी चल रही है। वहीं अनेक मामलों में सरकार ने खुद ही कार्यवाही कर भ्रष्टाचार के मामलों को रफा-दफा कर दिया। 
विज्ञापन
विज्ञापन


मुख्यमंत्री से पूछे सवाल 
. यह सत्य नहीं कि स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन की हवाला कांड में लिप्त होने की जांच चल रही है?
. पूर्व कानून मंत्री जितेंद्र सिंह तोमर की डिग्री फर्जी नहीं पाई गई? 
. पूर्व महिला कल्याण मंत्री संदीप कुमार यौन उत्पीड़न के आरोपों में लिप्त नहीं पाए गए?
. खाद्य मंत्री आसिफ  खान रिश्वत लेने पर नहीं निकाले गए?
.  स्वास्थ्य मंत्री की सुपुत्री को स्वास्थ्य मंत्रालय में अवैध रूप से नियुक्त नहीं किया गया?
. मुख्यमंत्री के साढ़ूू तथा लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों की मिलीभगत से पीडब्ल्यूडी में करोड़ों के फर्जी बिल नहीं पास करवाए गए?
.  मुख्यमंत्री के नजदीकी रिश्तेदार को सारे नियम ताक पर रखकर स्वास्थ्य मंत्री का ओएसडी नियुक्त नहीं किया गया? 
. मुख्यमंत्री के घर आयोजित भोग में 16000 रुपये प्रति थाली का खर्चा नहीं किया गया ? 
. क्या पार्टी की डोनेशन लिस्ट पार्टी की वेबसाइट से नहीं हटा दी गई?
. आप विधायकों पर आफिस ऑफ  प्रोफिट में लिप्त होने के आरोपों की जांच नहीं चल रही है?

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें