कोरोना वायरस के संक्रमण को दिल्ली सरकार ने गंभीरता से नहीं लिया। सरकार की लापरवाही से ही दिल्ली में छह हजार लोग संक्रमित हुए। यह बातें पूर्व केंद्रीय मंत्री विजय गोयल ने कहीं।
इस महामारी को गंभीरता से नहीं लिए जाने के विरोध में गोयल ने शुक्रवार को अपने निवास पर दिन भर का सजगता उपवास रखा। उन्होंने कहा कि कोरोना पर राजनीति नहीं करना चाहते पर हकीकत बताना दिल्ली के हित में है। सरकार की लापरवाही के कारण दिल्ली के सभी 11 जिले रेड जोन में आ गए हैं।
विधानसभा नेता रामवीर सिंह बिधुड़ी व नगर निगम में स्थाई समिति के अध्यक्ष जयप्रकाश (जेपी) ने उपवास स्थल पर पहुंच कर अपना समर्थन दिया। कहा कि दिल्ली में कोरोना वायरस व दिल्ली सरकार की मनमानी की रोकथाम जरूरी है।
शराब की दुकानें क्यों खोली गई और खोलनी थी तो प्लानिंग क्यों नहीं की गई कि सोशल डिस्टेंसिंग कैसे होगी। राजस्व कमाने के चक्कर में सरकार लोगों का स्वास्थ्य भूल गई। लॉकडाउन के कारण लोगों के पास रोजगार नहीं हैं तब डीजल के दाम 7 रुपये और पेट्रोल के दाम 1.67 रूपये क्यों बढ़ाए गए, इससे हर चीज महंगी हो जाएगी।
विजय गोयल ने आप सांसद संजय सिंह पर भी निशाना साधा। कहा कि वह झूठ बोलते हैं कि प्रवासी मजदूरों के जाने का पैसा दिल्ली सरकार दे रही है। 85 प्रतिशत पैसा केंद्र सरकार और 15 प्रतिशत जिस राज्य के वे मजदूर हैं वह वहन करते हैं।
केजरीवाल सरकार ने मजदूरों के रजिस्ट्रेशन के लिए जो पोर्टल बनाया है वह ही बंद पड़ा है। जनता को केजरीवाल सरकार के झूठ से सजग रहना होगा और कोरोना से अपना ध्यान खुद रखना होगा।