वसंत विहार गैंगरेप मामले के चार में से दो दोषियों को अलग सेल में शिफ्ट कर दिया गया है। यह जानकारी तिहाड़ जेल प्रशासन ने बुधवार को अदालत को दी। इन दोषियों ने जान का खतरा बताते हुए अलग सेल में शिफ्ट करने के लिये कोर्ट में अर्जी दायर की थी।
तीस हजारी स्थित विशेष सीबीआई जज संजीव अग्रवाल के समक्ष जेल उपाधीक्षक संजय गुप्ता ने कहा कि पवन व अक्षय को 11 जनवरी को ही अलग सेल में शिफ्ट कर दिया गया था। मामले की सुनवाई के दौरान जेल अधिकारी ने पवन व अक्षय को अलग सेल में शिफ्ट कर दिया गया है।
मामले में आरोपी रहे राम सिंह की खुदकुशी को ध्यान में रखते हुए निर्भया गैंगरेप-हत्या केस की वर्षगांठ पर सीसीटीवी कैमरा लगाए गए थे। निर्भया गैंगरेप-हत्या मामले में दोषी पवन गुप्ता व अक्षय कुमार सिंह ने 11 जनवरी को अर्जी दायर कर कहा था कि उन्हें 24 दिसंबर 2016 को अलग सेल से आम सेल में शिफ्ट कर दिया गया था।
इस सेल में दूसरे कैदी उन्हें शारीरिक व मानसिक रूप से प्रताड़ित कर रहे थे। साकेत जिला अदालत ने गैंगरेप व हत्या का दोषी करार देकर पवन, अक्षय, विनय शर्मा व मुकेश को 10 सितंबर 2013 को मौत की सजा सुनाई थी। हाईकोर्ट ने 13 मार्च 2014 के अपने फैसले में इनकी सजा पर मुहर लगाई थी। अब ये मामला सुप्रीम कोर्ट में विचाराधीन है।
बता दें कि एक नाबालिग समेत छह लोगों ने 16 दिसंबर 2012 को चलती बस में निर्भया से गैंगरेप व क्रूरता की थी साथ ही उसके मित्र से भी मारपीट की थी। इस वारदात के 13 दिन बाद 29 दिसंबर 2012 को सिंगापुर के अस्पताल में इलाज के दौरान पीड़िता की मौत हो गई थी।