होंडा चौक पर बृहस्पतिवार सुबह तेज रफ्तार बस और स्कूल वैन में टक्कर हो गई। हादसे में घायल शिक्षिका व छात्रा को यथार्थ अस्पताल ले जाया गया, जहां शिक्षिका को मृत घोषित कर दिया गया।
वहीं, उपचार के दौरान दोपहर में पांच वर्षीय मासूम छात्रा की भी मौत हो गई। गनीमत यह रही कि वैन में अन्य बच्चे सवार नहीं हुए थे। बताया जा रहा है कि वैन में प्रतिदिन सात से आठ बच्चे जाते थे।
पुलिस के अनुसार, घोड़ी बछेड़ा गांव स्थित शकुंतला देवी मेमोरियल स्कूल की वैन बृहस्पतिवार सुबह बच्चों और स्टाफ को लेने निकली थी। वैन को घोड़ी गांव निवासी अंकुर (22) पुत्र धर्मवीर चला रहा था।
तेज रफ्तार बस ने वैन में टक्कर मार दी
वैन चालक सेक्टर पी-4 स्थित 151, प्रतीक सोसायटी निवासी आकांक्षा (5) पुत्री संतोष और अध्यापिका कांता (43 वर्ष) पत्नी मंजीत सिंह निवासी 7, प्रतीक सोसाइटी को लेकर स्कूल की ओर जाने लगा।
इसी बची होंडा चौक के मोड़ पर तेज रफ्तार बस ने वैन में टक्कर मार दी। वैन के परखच्चे उड़ गए। हादसे में कांता, आकांक्षा व अंकुर को गंभीर रूप से घायल हो गए जिन्हें यथार्थ अस्पताल ले जाया गया।
यहां डॉक्टरों ने कांता को मृत घोषित कर दिया। वहीं, दोपहर बाद आकांक्षा की भी मौत हो गई। अंकुर का उपचार चल रहा है। बस चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर पुलिस चालक की तलाश कर रही है।
जिंदगी की जंग हार गई आकांक्षा
जब आकांक्षा को अस्पताल लाया गया उसकी सांसें चल रही थीं। खून भी काफी बह रहा था। डाक्टरों को आस थी उसे बचा लिया जाएगा, लेकिन दोपहर में उसकी मौत हो गई।
मूलरूप से हमीरपुर निवासी पिता संतोष छोटा मोटा काम कर बच्ची की फीस भरा करते थे। शिक्षिका व छात्रा दोनों दोनों ही साथ-साथ स्कूल के लिए निकलते थे। हादसे के बाद प्रतीक सोसायटी में मातम पसरा हुआ है। परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है।
ग्रेटर नोएडा की एक जूता कंपनी में यह निजी बस लगी थी। जो रोज कर्मचारियों को लाती ले जाती थी। बृहस्पतिवार को बस स्टाफ को लाने के लिए निकली थी, लेकिन हादसे का शिकार हो गई।