दिल्ली महिला आयोग की अध्यक्ष स्वाति मालीवाल ने बुधवार की रात को निर्भल छाया स्थित बेगर्स होम का औचक्क निरीक्षण करने के दौरान कमियां पाए जाने पर पुलिस आयुक्त और सोशल वेलफयर की सचिव को नोटिस भेजते हुए 72 घंटों में जवाब मांगा है। खास बात यह है कि जांच के दौरान आयोग ने मानवाधिकरों का उल्लंघन होने के साथ उजबेकिस्तान व कीनिया की दो महिलाओं के पास कपड़े तक न होने पर आक्रोश जताया है।
आयोग अध्यक्ष स्वाति मालीवाल ने बताया कि उनकी टीम दिल्ली सरकार के सोशल वेलफेयर के अधीन बेगर्स होम में सुविधाओं का जायजा लेने के लिए पहुंची थी। जांच के दौरान यहां आयोग टीम को 17 विदेशी मिले, जिनका वीजा अवधि खत्म हो गयी थी। विदेशियों ने आयोग को अपनी शिकायत में आरोप लगाया है कि जांच के नाम पर महिलाओं के साथ अश्लील हरकत की गयी।
इसके अलावा उनके परिवार, दूतावास से संपर्क कर मदद भी नहीं लेने दी गयी है। उजबेक्स्तिन व कीनिया की दो महिलाओं ने बताया है कि वे पिछले 22 दिनों से एक ही कपड़ों में रह रही हैं, इनके साथ दो बच्चे भी हैं। आयोग अध्यक्ष ने बताया कि बेगर्स होम में विदेशियों के साथ अमानवीय व्यवहार व सुविधाएं न होने के चलते आयोग ने एफआरआरओ को भी नोटिस भेजकर पूछा है कि विदेशियों को यहां क्यों ठहराया गया है। इसकेअलावा यहां एक ही रसोईघर है, जहां सामान्य व मानसिक रोगी खाना खाते हैं।