इंटरनेट का चलन और इसके दुष्प्रभावों को लेकर अक्सर कुछ न कुछ सामने आता रहता है। लेकिन हाल ही में शुरू हुए इंटरनेट चैनलों के दौर से भी देश के युवा गलत राह की ओर बढने लगे हैं। इन चैनलों की वजह से बच्चे खासतौर पर निकोटिन के आदी हो रहे हैं।
चैनलों पर तरह तरह की फिल्में, गेम्स और प्रोग्राम्स को देख बच्चे न सिर्फ उनका अनुसरण कर रहे हैं, बल्कि घर से छिपकर ये ई सिगरेट से लेकर हुक्का तक का सेवन कर रहे हैं। यह खुलासा स्वास्थ्य मंत्रालय ने कुछ शिकायतों का हवाला देते हुए किया है।
मंत्रालय के मुताबिक, पिछले कुछ समय से ई लाइव चैनलों को लेकर शिकायतें मिली हैं। जिनसे साफ है कि चैनल चलाने वाली नामचीन कंपनियां नियमों का खुलकर उल्लंघन कर रही हैं। यही वजह है कि मंत्रालय की ओर से अब टेलीकॉम रेगुलेटर प्राइस (ट्राई) को पत्र लिख तत्काल सख्त एक्शन लेने को कहा गया है।
नहीं देते हैं चेतावनी, उड़ते हैं छल्ले: मंत्रालय से जुड़े एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि इंटरनेट पर लाइव चैनलों का प्रसारण होता है। बच्चों से लेकर 25 साल तक के युवा इन चैनलों के सबसे ज्यादा फॉलोअर्स हैं। जो भी प्रोग्राम लाइव आता है, उनमें कहीं भी तंबाकू सेवन निषेध की चेतावनी नहीं दी जा रही है। साथ ही प्रोग्राम के दौरान खुलकर सिगरेट और हुक्का के उड़ते छल्ले दिखाए जाते हैं।