दिल्ली-एनसीआर में होने वाले नशीले पदार्थ की तस्करी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश हुआ है। गुड़गांव पुलिस की सीआईए यूनिट-1 की पकड़ में आए दो तस्करों से पुलिस को ढाई किलो गांजा बरामद हुआ है।
पूछताछ में तस्करों ने यूपी-बिहार से गुड़गांव समेत आसपास के एरिया में गांजा बेचने की बात कबूली है। तस्करों के पकड़ में आने के बाद गिरोह के नेटवर्क के राज खोलने के लिए पुलिस लगातार इनसे पूछताछ कर रही है।
गुड़गांव पुलिस की सीआईए यूनिट-1 को मिली गुप्त सूचना के आधार पर बीती शाम सदर थाना क्षेत्र से नाकाबंदी कर दो तस्करों को पकड़ा। तस्करों की तलाशी लेने पर सीआईए को उनके पास से दो किलो 300 ग्राम गांजा बरामद हुआ। इसकी बाजार कीमत लाखों रुपये बताई जा रही है।
इतनी भारी मात्रा में गांजे की खेप पकड़े जाने के बाद सीआईए टीम ने तस्करों को कस्टडी में लेकर पूछताछ करनी शुरू कर दी। इसमें उन्होंने कई राज उगल दिए। तस्करों ने बताया कि यूपी-बिहार और दिल्ली के बाहरी इलाकों से वह गुड़गांव और आसपास के क्षेत्रों में गांजे की सप्लाई करते है। इनकी पहचान झाड़सा निवासी बिजेंद्र उर्फ हंगा और विरेंद्र के रूप में हुई है।नशीला पदार्थ बेचने के आरोप में बिजेंद्र पहले भी जेल जा चुका है।
इसके अलावा भी उन्होंने अपने कई राज उगले है हालांकि पुलिस ने अभी तक पूरी तरह खुलासा नहीं किया है। पुलिस आयुक्त के मुताबिक दोनों तस्करों के गिरोह को खंगाला जा रहा है जिसमें जल्द ही उनके साथियों का भी पता लगा लिया जाएगा। सदर थाना में दोनों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है।