चाय पीने के बाद देर रात 3 बजे दोनों स्कूटी से लौट रहे थे। इस बीच दिल्ली विधानसभा मेट्रो स्टेशन के पास अंबेडकर संग्रहालय के सामने उनकी स्कूटी आगे जा रहे ट्रैक्टर-ट्रॉली से भिड़ गई। दोनों को सुश्रुत ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया, जहां दोनों को मृत घोषित कर दिया गया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामला दर्ज कर ट्रैक्टर चालक की तलाश की जा रही है। सिविल लाइंस थाना पुलिस मामले की छानबीन कर रही है। पुलिस ने आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज कब्जे में ली है।
हादसे के चश्मदीद राणा प्रताप बाग निवासी मनोज जैन ने बताया कि वह अपनी कार से कश्मीरी गेट की ओर से घर लौट रहा था। इस बीच छात्रों ने आईपी कॉलेज के पास उनकी कार को ओवरटेक किया। आगे कुछ ही देर जाने पर एक बस जा रही थी।
छात्रों ने उसे भी तेजी से ओवरटेक किया। बस से आगे निकलते ही उनके आगे एक ट्रैक्टर बेहद धीमी गति से जा रहा था। वह उसी ट्रैक्टर-ट्रॉली में घुस गए। मनोज का कहना था कि दोनों के सिर में गंभीर चोट लगी। हेलमेट होता तो शायद जान बच जाती।
अक्षत के दोस्त चिराग ने बताया कि दिल्ली आने के बाद अक्षत को बस किसी तरह ज्यूडिशियरी की परीक्षा पास करने की धुन थी। वह रात-रात भर पढ़ाई करता रहता था। पढ़ने-लिखने में वह बेहद तेज था। एक अन्य दोस्त ने बताया कि अक्षत ने पंजाब स्टेट ह्यूमन राइट कमीशन के लिए भी काम किया था। इसके अलावा वह अपने पिता के काम में भी हाथ बंटाता था।