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किशोर को खाने की अफवाह पर अफ्रीकियों को बनाया था बंधक, पीड़ित महिलाओं ने कराई शिकायत

Sat, 24 Nov 2018 04:54 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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अफ्रीकी मूल के लोगों द्वारा हरियाणा से 16 वर्षीय किशोर का अपहरण कर उसे दिल्ली लाकर खाने की अफवाह से द्वारका में बृहस्पतिवार शाम को बवाल हो गया था। 200 लोगों की भीड़ ने अफ्रीकी मूल की दो महिलाओं व चार पुरुषों को एक घर में बंधक बना लिया था।

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इसी मामले में शनिवार को दो पीड़ित महिलाओं ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है कि 22 नवंबर को हर्ष विहार के ककरोला में कुछ लोगों ने अफवाह के आधार पर उन्हें गलत तरीके से बंधक बना लिया था। इन लोगों ने शिकायत में मारपीट की बात भी कही है।

गौरतलब है कि पुलिस ने बड़ी मुश्किल से उग्र भीड़ के चुंगल से अफ्रीकी लोगों को मुक्त कराया। इसके अलावा द्वारका में कई जगहों पर अफ्रीकी मूल के लोगों पर हमला हुआ। हालांकि पुलिस का कहना है कि अफ्रीकी मूल के लोगों पर हमला नहीं हुआ है। एक अफवाह के चलते ये घटना हुई है। पुलिस नस्लीय हमला होने की बात से एकदम इंकार कर रही है।
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द्वारका जिला डीसीपी ऐंटो अल्फोंस ने बताया कि बृहस्पतिवार शाम को हरी विहार, ककरौला में अफवाह फैली थी कि अफ्रीकी मूल के लोगों ने एक बच्चे का अपहरण कर लिया है। इसके चलते भारी संख्या में स्थानीय लोग मकान नंबर 67बी, हरी विहार ककरौला मोड़ पर एकत्रित हो गए। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इस मकान में दो महिलाओं समेत छह अफ्रीकी मूल के लोग रहते थे। भीड़ काफी उग्र हो रही थी। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और सभी अफ्रीकी नागरिकों को मुक्त कराया और थाने ले गई।

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बताया जाता है कि उग्र भीड़ ने अफ्रीकी लोगों से मारपीट भी की, हालांकि पुलिस मारपीट की बात से इंकार कर रही है। पुलिस ने बाद में अपहृत किशोर को खाने की बात की जांच की, तो वह फर्जी मिली। पुलिस का कहना है कि इस मामले में कोई घायल नहीं हुआ है। मामले की जांच की जा रही है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, अफ्रीकी लोगों ने पुलिस को कोई शिकायत नहीं दी है। हरियाणा के उस परिवार का भी कोई सदस्य सामने नहीं आया, जिसने किशोर के अपहरण की बात उड़ाई थी। जिन अफ्रीकी लोगों के पास वैध वीजा नहीं है उन्हें डिपोर्ट किया जाएगा, बाकी मामले की जांच की जाएगी।

मौके पर थी हरियाणा पुलिस
दिल्ली पुलिस समय से कदम नहीं उठाती तो हरी विहार ककरौला में बड़ा हंगामा हो सकता था। ये भी कहा जा रहा है कि जब हंगामा हुआ, उस समय हरियाणा पुलिस मौके पर थी। वह ड्रग्स के एक मामले में रेड डालने आई थी। पुलिस नाइजीरियाई को पकड़ने आई थी।

पुलिस के पास छह कॉल आई थीं
पुलिस के अनुसार, द्वारका के ककरौला से बृहस्पतिवार शाम को छह से सात बजे के बीच विदेशी महिला के साथ झगड़े की छह पीसीआर कॉल मिली थीं। पुलिस जब मौके पर पहुंची, तो 200 से ज्यादा लोग अफ्रीकी लोगों को घेरे हुए थे। पुलिस ने तंजानिया की दो महिलाओं आसिफा, रिजीकी व चार पुरुषों को मुक्त कराया। छठी कॉल एक महिला ने की थी कि उसके बच्चे को नाइजीरियाई लोगों ने अगवा कर लिया है। हालांकि ये सूचना बाद में गलत निकली।  

द्वारका इलाके से ही मुक्त कराया
बृहस्पतिवार रात को इलाके में ही दो नाइजीरियाई नवोगु और योगबेवू को किसी ने उनके कमरे में बंद कर दिया था। पुलिस ने इन दोनों को मुक्त कराया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, कुल छह जगहों से सूचना मिली थी।

अफ्रीकी लोगों को मिलेगी सुरक्षा
दिल्ली पुलिस प्रवक्ता कार्यालय के अनुसार, अफ्रीकी लोगों को पूरी सुरक्षा दी जाएगी। दिल्ली पुलिस एंबेसियों से संपर्क साधकर इसकी जानकारी दे रही है।  
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