कानीगढ़ी गांव में पिछले एक महीने से गायब शख्स का सुराग नहीं लगने पर गुस्साए परिजनों ने ग्रामीणों के साथ रविवार को जेवर कोतवाली का घेराव किया। इस दौरान हवालात में बंद दो आरोपियों को जबरन निकालने की कोशिश की गई। उसके बाद ग्रामीणों ने जेवर खुर्जा मार्ग पर जाम लगा दिया। पुलिस ने एक सप्ताह का आश्वासन देकर जाम खुलवाया।
दरअसल, 20 फरवरी को धर्मवीर को गांव सिरसा, मांचीपुर निवासी जयपाल साथ ले गया था। इसके बाद से धर्मवीर का कोई सुराग नहीं मिला। 4 मार्च को बेटे लोकेश की शिकायत पर पुलिस ने गुमशुदगी का मामला दर्ज कर जांच शुरू की। परिजनों का आरोप है कि एक माह से ज्यादा समय बीत गया है।
पुलिस अभी तक कोई सुराग नहीं लगा पाई है। उनका कहना है कि पुलिस आरोपियों से सख्ती से पूछताछ नहीं कर रही है। ग्रामीणों ने आरोपियों को सौंपने की मांग की। इस बात को लेकर पुलिस के साथ उनकी नोकझोंक हुई। गुस्साएं लोगों ने कोतवाली गेट पर जाम लगा दिया। सीओ जेवर शरदचंद्र ने ग्रामीणों से बातचीत कर 30 मिनट बाद जाम खुलवाया।
एंबुलेंस को नहीं दिया रास्ता
ग्रामीणों ने सुबह करीब 11:45 बजे जेवर खुर्जा मार्ग पर जाम लगाया। करीब 12 बजे जेवर के एक निजी अस्पताल की एंबुलेंस किसी मरीज को लेने जहांगीरपुर जा रही थी, लेकिन ग्रामीणों ने उसे रास्ता नही दिया। बाद में पुलिस ने किसी तरह एंबुलेंस को जाम से निकलवाकर रवाना किया।
धर्मवीर लगभग एक माह पहले अलीगढ़ क्षेत्र से गायब हो गया था, लेकिन ग्रामीणों के अनुरोध पर दूसरे जिले का मामला होने पर भी मुकदमा दर्ज कर लिया गया। आरोपियों से पूछताछ की जा रही है, जल्द खुलासा कर दिया जाएगा।-
सुरेंद्र सिंह भाटी, प्रभारी जेवर कोतवाली