गुरुग्राम सेक्टर-7 एक्सटेंशन के पास शुक्रवार दोपहर को उस वक्त हड़कंप मच गया जब टेंपो सवार तीन युवकों ने एक एक्टिवा सवार गोरक्षक की गोली मारकर हत्या कर दी। आरोपियों ने यहां कई राउंड फायर किए। इसकी सूचना पुलिस को दी गई। पुलिस ने घायल युवक को अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने जांच के उपरांत उसे मृत घोषित कर दिया।
इस मामले में पुलिस ने मामला दर्ज करके जांच शुरू कर दी है। उधर पुलिस को गोतस्करों द्वारा हत्या को अंजाम दिए जाने का शक है।
पुलिस के अनुसार सेक्टर-7 हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी निवासी आशीष पुनिया उर्फ लाला ट्रांसपोर्ट का काम करते थे। शुक्रवार दोपहर को वह अपने घर से एक्टिवा पर किसी काम से निकलकर सेक्टर-9 चौक की ओर जा रहे थे। इस दौरान एक टेंपो में सवार तीन युवक आए और उन पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। इससे आसपास से गुजर रहे लोग सहम गए। घटना में युवक को पांच गोलियां लगना बताया जा रहा है। इसकी सूचना पुलिस को दी गई।
पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घायल को अस्पताल पहुंचाया। जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने मामला दर्ज करके जांच शुरू कर दी है। न्यू कॉलोनी थाना प्रभारी इंस्पेक्टर बाबूलाल का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। आसपास के लोगों से पूछताछ कर सुराग तलाशा जा रहा है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
डेढ़ वर्ष से जान पर खेलकर तस्करों से बचा रहे थे गाय
शुक्रवार दोपहर को जिस ट्रांसपोर्टर के खून से सेक्टर-7 के पास की सड़कें लाल हुई हैं। वह करीब डेढ़ वर्षों से गोरक्षा दल से जुड़े हुए थे। वह अपनी जान पर खेलकर तस्करों से गायों को मुक्त कराने में वह हमेशा सफल रहे। आशीष का भरा पूरा परिवार है। उनके दो बच्चे हैं। भाई और माता-पिता सभी साथ रहते हैं। आसपड़ोस के लोगों का कहना है कि आशीष बहुत खुशमिजाज थे। सूत्रों की मानें तो गाय की तस्करी रोकने के लिए उनकी एक-दो बार गाड़ी चालकों से मारपीट भी हुई थी।
इस मामले में करीब डेढ़ वर्ष पहले उनके खिलाफ एक मामला मारपीट का दर्ज कराया गया था। इस मामले में वह करीब तीन महीने पहले अदालत से बरी भी हो चुके थे। पुलिस को इस मामले में उस टेंपो की तलाश है, जिस पर सवार होकर आरोपियों ने वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ऑटो के सुराग के लिए वारदात के समय आसपास रहने वाले लोगों से जानकारी जुटाने में लगी है।