दिलशाद गार्डन टू नया बस अड्डा मेट्रो निर्माण के चलते बृहस्पतिवार की आधी रात से मोहननगर चौराहे पर ट्रैफिक डायवर्जन लागू कर दिया गया। दो बार से टाले जाने के बाद आखिरकार ट्रैफिक पुलिस ने इस पर मुहर लगा दी।
शुक्रवार सुबह से डायवर्जन ट्रायल शुरू हो जाएगा। यानी सुबह के समय इधर से निकलने वाले वाहन डायवर्जन केतहत ही निकाले जाएंगे। इसके बाद शनिवार रात 12 बजे से डायवर्जन प्लान मोहननगर चौराहे पर लागू कर दिया जाएगा।
शुक्रवार की सुबह गाजियाबाद से दिल्ली नोएडा जाने वाले मोहननगर चौराहे से जाने बचें, क्योंकि पीक आवर्स में वाहन का दबाव बढ़ने पर जाम लगने की संभावना है।
बृहस्पतिवार की रात 12 बजे से चौराहे को बंद कर दिया गया। चौराहे को बंद कर एमएमएक्स मॉल के सामने और करहेड़ा कट के पास यू-टर्न लेकर लोगों को गुजरना पड़ेगा।
यात्रियों की सुविधा के लिए दिशासूचक लगा दिए गए हैं, जिससे रास्ता समझने में दिक्कत नहीं हो। साथ ही जीटी रोड पर आईटीएस से लेकर मोहन मीकिंग्स तक फुटपाथ को तोड़कर सड़क चौड़ी भी की गई है।
मोहन नगर चौराहे पर लेफ्ट फ्री खत्म कर दिए गए हैं। अधिकारियों ने दावा किया है कि रूट डायवर्जन से जाम नहीं लगेगा, लेकिन वाहनों का दबाव बढ़ने पर दोनों यू-टर्न पर जाम लगना तय माना जा रहा है।
इस तरह गुजरेगा ट्रैफिक
ट्रैफिक इंस्पेक्टर अनिल यादव ने बताया कि डायवर्जन केतहत मोहननगर चौराहे से बसें और हैवी व्हीकल नहीं गुजरेंगे। हरिद्वार-देहरादून रूट की बसें दिल्ली दिलशाद गार्डन से घूमकर करन गेट, अर्थला होते हुए राजनगर एक्सटेंशन से एनएच-58 पर आवागमन करेंगी।
बरेली-लखनऊ रूट की बसें विजयनगर बाईपास होकर एनएच-24 से आएंगी-जाएंगी। रोडवेज बसों के रूट पर डीटीसी बसें चलेंगी। गाजियाबाद जाने वाले वाहन चालक मोहननगर चौराहे से लेफ्ट टर्न लेकर एमएमएक्स मॉल तक पहुंचेंगे। मॉल के सामने बने यू-टर्न से घूमकर गाजियाबाद के लिए जाएंगे।
बस का किराया भी बढ़ेगा
जाम से बचने को ट्रैफिक पुलिस ने भारी वाहनों की एंट्री बंद कर दी है। बसें एनएच-24 से गाजियाबाद पहुंचेंगी। मोहननगर से बस पकड़ने वाले यात्रियों को आनंद विहार बस अड्डे जाना होगा।
एमएमएक्स कट से करहेड़ा कट तक ऑटो को रुकने नहीं दिया जाएगा। इसके लिए 60 से अधिक पुलिसकर्मी और डीएमआरसी के कर्मचारी तैनात किए जाएंगे।
ऑटो के रुकने को एयरफोर्स रोड पर ऑटो स्टैंड का निर्माण होगा। हापुड़ और मेरठ रूट पर जाने वाले बस यात्रियों को एनएच-24 पर सात किलोमीटर चक्कर लगाने से करीब 10 रुपये अतिरिक्त किराया भी देना होगा।