होगी रीयल टाइम समीक्षा
मंत्रालय अधिकारी बताते हैं कि प्रोजेक्ट की रीयल टाइम समीक्षा होगी। शहरी निकायों के साथ राज्यों को भी इसकी रिपोर्ट तैयार करनी होगी। वहीं, वीडियो कांफ्रेंस के जरिये केंद्र नियमित प्रगति की समीक्षा करेगा। इसके अलावा मंत्रालय की वेबसाइट पर तस्वीरों को भी अपलोड किया जा सकेगा।
तिहाड़ जेल का वर्षा जल संग्रहण का मॉडल
अधिकारियों का कहना है कि देश के चार मॉडल सबसे बेहतर हैं। तिहाड़ जेल के साथ इसमें दिल्ली की मदर डेयरी यूनिट, गुरुग्राम की गार्डन एस्टेट कालोनी व चैन्नई को शामिल किया गया है। रिपोर्ट बताती है कि तिहाड़ जेल में बारिश का पानी दो तरीकों से जमा होता है। छतों व सतह के पानी को इकट्ठा कर उसे रिचार्ज वेल में डालते हैं। कुएं में 10 मीटर की गहराई वाला 150 मिलीमीटर का रिचार्ज बोर है। इसे कंकड़ व खुरदुरी मिट्टी से भरा गया है। इससे गुजारने पर बारिश का पानी साफ हो जाता है। अभी तक जेल की क्षमता का 50 फीसदी जल संग्रहण हो रहा है, लेकिन मॉडल काफी कारगर साबित हुआ है।
कुछ राज्यों में मिशन में शामिल जिलों व शहरी निकायों की संख्या
राज्य जिला शहरी निकाय
उत्तर प्रदेश 35 84
हरियाणा 19 52
हिमाचल प्रदेश 4 5
उत्तराखंड 1 4
जम्मू कश्मीर 1 1
दिल्ली 1 0 4
चंडीगढ़ 1 1
राजस्थान 29 111
तमिलनाडु 27 184