गुरुग्राम के साहिब कुंज न्यू पालम विहार में किराए का कमरा लेकर 100 और 200 के नकली नोट छापने वाले गिरोह का अपराध शाखा सेक्टर-10 ने भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने सोमवार को छापा मारकर तीन लोगों को गिरफ्तार किया।
आरोपियों ने यूट्यूब से आइडिया लेकर करीब 20 दिन पहले नोट छापने का काम शुरू किया था। आरोपी एक हजार रुपये में पांच हजार के नकली नोट देते थे। पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। फिलहाल पूछताछ जारी है।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से दो प्रिंटर, दो कटर, एक स्केल, सफेद कागज और छापे गए 19,100 रुपये के नकली नोट बरामद किए हैं। एसीपी (अपराध) प्रीतपाल ने बताया कि प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया है कि आरोपियों ने 'किराए के लिए कमरे खाली हैं' का बोर्ड देखकर मकान किराए पर ले लिया था।
45 हजार रुपये के नोट छापने के बाद करीब दो हजार रुपये के नोट चेक करने के लिए खुद बाजार में चलाए थे। अपराध शाखा सेक्टर-10 प्रभारी को रविवार को सूचना मिली कि साहिब कुंज पालम विहार में किराए के कमरे में नकली नोट छापने का काम चल रहा है।
यह लोग एक हजार रुपये लेकर पांच हजार रुपये के नकली नोट देते हैं। इस पर सादी वर्दी में छापामार टीम गठित की गई। एक पुलिसकर्मी को नकली ग्राहक बनाकर मौके पर भेजा गया।
नकली ग्राहक ने 500-500 के दो नोट देकर 5 हजार रुपये के नकली नोट प्राप्त कर लिए। नकली नोट लेते ही पुलिस टीम को इशारा मिल गया जिसके बाद मौके पर ही तीनों को दबोच लिया।
पूछताछ में आरोपियों की पहचान झज्जर के गांव गोछी निवासी संजीव, ऋतिक व सोनीपत के गांव माहरा निवासी भविष्य के रूप में हुई। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वह अधिक रुपये देने का प्रलोभन देकर लोगों को अपने जाल में फंसाते थे।