उसके बाद कस्टम, इनकम टैक्स और जीएसटी के अधिकारियों के नाम से पीड़िता के पास फोन आया और पार्सल देने के नाम पर उससे 20.64 लाख रुपये अपने बैंक खाते में मंगवा लिए। ठगी अहसास होने पर पीड़िता ने पुलिस के पास शिकायत दर्ज करवाई।
शिलांग पुलिस ने तकनीकी जांच शुरू की। आरोपियों की लोकेशन दिल्ली के महावीर एंक्लेव में आ रही थी। मेघालय पुलिस ने द्वारका पुलिस से संपर्क कर तीनों आरोपियों को महावीर एंक्लेव से गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उन लोगों ने फेसबुक, व्हाट्सऐप और अन्य ऑनलाइन मीडिया साइट पर फर्जी अकाउंट्स बना रखे हैं। जिसके जरिये वह लोगों से दोस्ती करते हैं। उन्हें गिफ्ट भेजने का प्रलोभन देकर अपने जाल में फंसाते हैं और फिर पार्सल देने के नाम पर कस्टम और इनकम टैक्स अधिकारी बनकर उन पर दबाव बनाते हैं। ऐसा कर पीड़ितों से फर्जी अकाउंट्स में रुपये डलवाते हैं। अकाउंट में रुपये आने के एक घंटे बाद ही सभी आरोपी रकम को एटीएम से निकाल लेते हैं।