देश की सरहदों को महफूज रखने के लिए जिन जवानों ने अपनी जान की बाजी लगा दी उपद्रवियों ने हिंसा के दौरान उनको भी नहीं बख्शा। भागीरथी विहार इलाके में सीआरपीएफ के पूर्व जवान के घर मंगलवार शाम उपद्रवियों ने अचानक धावा बोल दिया।
करीब चार सौ लोग उसके मकान पर पेट्रोल बम फेंकने के अलावा गोलियां चलाने लगे। जवान ऐश मोहम्मद ने उपद्रवियों को बताया कि वह सेना का पूर्व जवान है तो भी उन्हें नहीं बख्शा।
उपद्रवियों को रोकने के प्रयास के बाद जब ऐश मोहम्मद को लगा कि वह घिर गए हैं तो उन्होंने अपने बेटे के साथ पड़ोसी की छत पर कूद कर अपनी जान बचाई। ऐश कहते हैं कि वह उपद्रवियों को पहचानते हैं और उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज करवाएंगे चाहे वह उन्हें गोली ही क्यों ने मार दें।
58 वर्षीय ऐश मोहम्मद अपनी पत्नी मोमिना बेगम, तीन बेटे और दो बेटियों के साथ भागीरथी विहार ए ब्लॉक में रहते हैं। रिश्तेदारी में शादी होने के कारण पत्नी, दो बेटे और दो बेटी बुलंदशहर स्थित गांव गए थे। ऐसे में ऐश मोहम्मद अपने बेटे अमजद के साथ मकान में थे। मंगलवार शाम करीब साढ़े पांच बजे उपद्रवियों ने उनके मकान पर हमला बोल दिया। उपद्रवी जमकर पथराव करने लगे।
शीशे टूटने की आवाज सुनकर ऐश मोहम्मद पहली मंजिल पर आए और उपद्रवियों को समझाने की कोशिश की। वह लगातार उन्हें बताते रहे कि वह सेना के जवान रह चुके हैं और देश की सेवा की है, लेकिन उपद्रवियों पर उनकी बातों का कोई असर नहीं हुआ। वे उन पर पेट्रोल बम फेंकने व गोली चलाने लगे। घर के बाहर खड़े दोपहिया वाहनों को फूंक दिया।
एक पत्थर ऐश मोहम्मद के सिर में भी लगा। अपने को घिरा पाकर वह बेटे अमजद के साथ पड़ोसी की छत पर कूद गए। रविवार को वह अपने घर पर पहुंचे। उन्होंने देखा कि घर में लूटपाट की गई है। उन्होंने बताया कि 29 मार्च को भतीजी की शादी होनी है। इसके लिए उन्होंने लाखों के जेवरात घर में रखे थे, जो गायब है। साथ ही आग में उनका काफी सामान जलकर राख हो चुका है।