शहर में सुबह से ही धुंध की चादर छाई रही। दोपहर में भी धुंध छंटी नहीं। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक तापमान में कमी, नमी में प्रदूषण के कणों का फंस जाना और हवा का न चलना धुंध की वजह है। हर साल सर्दी में कोहरे से पहले इस तरह का मौसम होता है।
शनिवार को शहर का अधिकतम तापमान 29 डिग्री के करीब रिकॉर्ड किया गया। वहीं, न्यूनतम तापमान गिरकर 15 डिग्री सेल्सियस के करीब पहुंच गया। धुंध से सूर्य के ज्यादा दर्शन न होने से दिन में भी लोगों को ठंड का अहसास हुआ। शाम को हल्की हवा चली।
मौसम वैज्ञानिक डॉ. रंजीत सिंह ने बताया कि प्रदूषण वातावरण में बढ़ता जा रहा है लेकिन हवा चलने और तापमान के अधिक होने से यह वातावरण में बिखरा रहा है और दिखाई नहीं देता।
लेकिन इस समय जो मौसम है, उसमें प्रदूषण के कण नमी में इकट्ठा होकर नीचे आ जाते हैं और दिखाई देते हैं। उन्होंने बताया कि कोहरा शुरू होने से पहले धुंध होती है।