मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने दावा किया है कि राजधानी की 1600 से ज्यादा अनधिकृत कॉलोनियों को चमकाने के लिए दिल्ली सरकार नेे तीन हजार करोड़ रुपये का प्रोजक्ट तैयार किया है।
कोशिश है कि अगले डेढ़ साल में सभी कॉलोनियों में बुनियादी सुविधाएं मुहैया करा दी जाएं। केजरीवाल रविवार शाम नजफगढ़ इलाके में बोल रहे थे। इस मौके पर उन्होंने 100 करोड़ रुपये की लागत से 40 कॉलोनियों में होने वाले विकास कार्यों की शुरुआत की।
केजरीवाल ने कहा कि जब हम चुनाव में गए थे उस दौरान देखा था कि इन कॉलोनियों के लोग बेकार हालत में जीवन गुजार रहे थे। हल्की सी बारिश में यहां आना दूभर हो जाता था।
उन्होंने कहा कि अब-तक की सरकार अनधिकृत कॉलोनियों के नाम पर राजनीति करती रही है। लेकिन मौजूदा दिल्ली सरकार ने विकास को प्राथमिकता दी है।
रावतुला राम होगा 400 बिस्तरों का अस्पताल
arvind kejriwal
केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए केजरीवाल ने कहा कि करीब छह महीने पहले कच्ची कॉलोनियों को पक्का करने के लिए दिल्ली सराकर ने प्रस्ताव केंद्र सरकार को भेजा था। लेकिन अभी तक केंद्र सरकार ने इस दिशा में कोई कार्रवाई नहीं की है।
मेट्रो विस्तार के लिए केंद्र का इंतजार
केजरीवाल ने कहा ढांसा स्टैंड से मेट्रो विस्तार की योजना है। इस पर 500 करोड़ रुपये खर्च होने हैं। करीब एक साल पहले दिल्ली सरकार ने इसकी फाइल भी केंद्र सरकार के पास भेजी है।
लेकिन इस पर भी फैसला नहीं हुआ। इसके अलावा सरकार अगले दो वष में नजफगढ़ को दो स्पोर्ट्स कॉमप्लेक्स, 66 केवी का ग्रिड व पीजी कॉलेज और अन्य सुविधाएं उपलब्ध करवा देगी।
रावतुला राम होगा 400 बिस्तरों का अस्पताल
दिल्ली सरकार जाफरपुर स्थित 100 बिस्तरों के रावतुला राम अस्पताल को 400 बिस्तारों का बनाने जा रही है। स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन ने बताया कि इस दिशा में काम शुरू हो गया है।
केजरीवाल को दिखाए काले झंडे
केजरीवाल
- फोटो : अमर उजाला
हमारा प्रयास है कि अगले डेढ़-दो साल में इसे पूरा कर दिया जाएगा। इसके अलावा यहां 29 मोहल्ला क्लीनिक व पॉली क्लीनिक बना दिए जाएं। कार्यक्रम के दौरान अरविंद केजरीवाल ने उपराज्यपाल पर भी निशाना साधा।
केजरीवाल ने अधिकारियों के तबादले के मामले में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उपराज्यपाल नजीब जंग का घेराव करने की चेतावनी दी। केजरीवाल ने कहा कि एक अधिकारी मोहल्ला क्लीनिक पर तेजी से काम रहा था, जबकि दूसरे की वजह से स्कूलों के निर्माण में तेजी आई थी। लेकिन उपराज्यपाल दोनों अधिकारियों की हटाने की योजना बना रहे हैं।
केजरीवाल को दिखाए काले झंडे
विकास कार्यों का शिलान्यास करने पहुंचे केजरीवाल को स्थानीय लोगों ने काले झंडे भी दिखाए। साथ ही वापस जाओ वापस जाओ के नारे भी लगाए। लोगों का गुस्सा था कि स्थानीय स्तर पर कई मूलभूत सुविधाओं के लिए परेशान होना पड़ रहा है।