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जीएसटी: दो दिन बीतने के बावजूद अभी भी दूर नहीं हुईं ये परेशानियां

Sun, 02 Jul 2017 07:53 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, नोएडा
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जीएसटी को लागू हुए दो दिन बीत गए हैं, लेकिन लोगों में कई जानकारियों को लेकर असमंजस की स्थिति है। चिकित्सा, उद्यम और व्यापार से जुड़े जानकार लोगों का कहना है कि जब तक सभी बातें स्पष्ट नहीं हो जाएंगी दिक्कत रहेगी। सबसे ज्यादा मेक इन इंडिया में पंजीकृत कंपनियां उलझन में हैं।
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ड्यूटी में छूट मिलेगी या नहीं
मेक इन इंडिया में सभी मोबाइल कंपनियां पंजीकृत हुई थी। इन कंपनियों को अन्य देशों से कच्चा माल आयात करने में कंसेशनल ड्यूटी में छूट मिलती थी। जीएसटी लागू होने के बाद कंपनियां असमंजस में हैं कि इन्हें अब कंसेशनल ड्यूटी में छूट मिलेगी या नहीं। यह कंपनियां जीएसटी में पंजीकरण करा चुकी हैं। यह बात सरकार को स्पष्ट करनी चाहिए।- विपिन मल्हन, अध्यक्ष, नोएडा एंट्रेप्रिनियोर्स एसोसिएशन

मजदूरी के लिए कोई जानकारी स्पष्ट नहीं
जीएसटी में अभी सारी जानकारी व्यापारियों में स्पष्ट नहीं है। उदाहरण के लिए यदि ग्राहक मजदूर की मजदूरी भी बिल में जोड़ने के लिए व्यापारी से कहता है तो वह जीएसटी में बिल किस आधार पर बनाएगा। मजदूरी के लिए जीएसटी में कोई जानकारी स्पष्ट नहीं है।- एसके जैन, अध्यक्ष, सेक्टर-18 मार्केट एसोसिएशन
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कोई भी दवा टैक्स के दायरे में नहीं आनी चाहिए
गर्भनिरोधक समेत कुछ ही दवाएं बाहर हैं जबकि सारी दवाओं को जीएसटी से बाहर रखना चाहिए। हर दवा हर बीमारी में मरीज के लिए जीवनरक्षक होती है, इसलिए कोई भी दवा टैक्स के दायरे में नहीं आनी चाहिए। दवाओं से जीएसटी हटा लेना चाहिए।- डॉ. जीसी वैष्णव, इंटरनल मेडिसिन विशेषज्ञ 
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