हसनपुर डिपो फुटओवर ब्रिज
हसनपुर डिपो के पास कई वर्ष पहले पीडब्ल्यूडी ने फुटओवर ब्रिज बनाया था। लेकिन देखरेख में आभाव में यह फुटओवर ब्रिल जानलेवा हो गया है। यहां पर सीढ़ियों के पास रेलिंग नहीं है। जिससे गिरने का खतरा बना हुआ है। लोग इसका इस्तेमाल करने से डर रहे हैं। इससे वे चलते यातायात के बीच सड़क पार करने को मजबूर हैं। यहां पर काेई सुरक्षा गार्ड नहीं तैनात है। जिसस रात के समय यहां पर असामाजिक तत्वों का भी जमावड़ा लगा रहता है।
चोरी भी बन रही सिर दर्द
पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों ने बताया कि फुटओवर ब्रिज और लिफ्ट आदि से चोरी की समस्या बढ़ जा रही है। कई जगह से एस्केलेटर और लिफ्ट से उपकरण चोरी कर लिया गया है। साथ ही रेलिंग के लोहे को भी काटा गया है। सड़कों से लोहे व स्टील की ग्रिल ही नहीं चोर अब लिफ्ट और एस्केलेटर को भी निशाना बना रहे हैं। हाल ही में जंगपुरा में दो लिफ्ट के सारे उपकरण चोरी हो गए। इससे दोनों लिफ्ट काम करना बंद कर दिया है। इस समस्या से निपटने के लिए पीडब्ल्यूडी ने कुछ जगहों पर सुरक्षा गार्ड तैनात करने की योजना बनाई है।
जहां हुआ हादसा, उसे अभी नहीं कराया गया है ठीक
हर्ष विहार के जिस फुटओवर ब्रिज से किशोर के गिरने से मौत हो गई है। उसे अभी ठीक नहीं कराया गया है। यहां पर कई जगहों पर रेलिंग नहीं है। जिससे लाेगों के गिरने का खतरा बना हुआ है। पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही इसे ठीक कराया जाएगा।
पुलिस का दावा- एफओबी की रेलिंग टूटी होने से खुद गिरा छात्र
उत्तर-पूर्वी दिल्ली के हर्ष विहार में बुधवार दोपहर फुटओवर ब्रिज (एफओबी) से छात्र के नीचे गिरने के मामले में पुलिस ने देखरेख करने वाली सरकारी एजेंसी के खिलाफ लापरवाही से हुई मौत का मामला दर्ज किया है। जिला पुलिस उपायुक्त डॉ. जॉय टिर्की ने दावा किया है कि झगड़े के दौरान छात्र को नीचे नहीं फेंका गया। एफओबी से गुजरते समय छात्र टूटी हुई रेलिंग के पास नीचे झांक रहा था। इस दौरान वह नीचे गिर गया। बुधवार को परिजनों ने आरोप लगाया था कि राकेश (15) को उसके साथियों ने मारपीट के बाद नीचे फेंका है। हालांकि, बृहस्पतिवार को परिजन इस बारे मे कुछ भी बोलने को तैयार नहीं हुए।
वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट की जांच के बाद तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई होगी। पुलिस ने राकेश के साथ मौजूद दूसरे छात्र के बयान पर सरकारी एजेंसी के खिलाफ मामला दर्ज किया है। बाकी छात्रों से पूछताछ कर मामले की छानबीन की जा रही है। राकेश परिवार के साथ गगन विहार, नंद नगरी में रहता था। परिवार में पिता नेमपाल, मां सुनीता देवी, एक भाई व बहन है। नेमपाल का शटरिंग का काम है। राकेश मंडोली जेल-बैंक कालोनी के राजकीय सर्वाेदय विद्यालय में दोपहर की पाली में नौवीं का छात्र था।
परिजनों ने बताया कि बुधवार दोपहर करीब 12:15 बजे वह घर से स्कूल पैदल जाने के लिए निकला। इस बीच मंडोली जेल के पास वजीराबाद-भोपरा रोड पर मौजूद फुटओवर ब्रिज पर स्कूल जाते समय वह करीब 20 फुट ऊंचे फुटओवर ब्रिज से नीचे गिर गया। जख्मी हालत में उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया। राकेश की मौत के बाद पिता ने स्कूल के ही कुछ छात्रों पर पिटाई कर नीचे फेंकने का आरोप लगाया था। पिता का कहना था कि स्कूल के ही कुछ छात्रों ने उसे कई बार पीटा था। इसे लेकर तीन बार स्कूल में शिकायत भी दी गई थी। पिता ने उन लड़कों पर ही राकेश को नीचे फेंकने का आरोप लगाया है।