अदालत ने तब्लीगी जमात मामले में आरोप मुक्त हुए आठ विदेशी जमातियों को निर्वासित करने की अनुमति दी है। इन जमातियों को मार्च 2020 में निजामुद्दीन मरकज में आयोजित जमात से हिरासत में लिया था। इसके बाद इन्हें क्वारंटीन सेंटर भेजा गया था। पुलिस ने इन पर कोरोना महामारी संबंधी सरकारी आदेश का उल्लंघन समेत अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज किया था।
साकेत जिला अदालत के अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश संदीप यादव ने आठों विदेशियों को उनके देश भेजने की अनुमति देते हुए कुछ शर्तें भी लगाई हैं। अदालत ने जांच अधिकारी को इन जमातियों के खिलाफ खुले लुक आउट नोटिस को शीघ्र बंद करवाने का निर्देश दिया है। अदालत ने कहा कि उन्हें आरोपमुक्त किए जाने के खिलाफ पुलिस की याचिका अगर स्वीकार होती है तो उन्हें सुनवाई में शामिल होने के लिए वापस भारत आना होगा।
अदालत ने इसके अलावा इन विदेशियों को 30-30 हजार रुपये के जमानती मुचलके के साथ अपने नाम, फोन नंबर, ईमेल तथा विदेश में अपने पते जांच अधिकारी को देने का निर्देश दिया है। इसके अलावा इन जमातियों को जांच अधिकारी जब भी सूचना देगा तो उन्हें जवाब देना होगा।
मजिस्ट्रेट कोर्ट ने 24 अगस्त को पुख्ता साक्ष्यों के अभाव में इन जमातियों को आरोप मुक्त कर दिया था। हालांकि इनकी रिहाई को दिल्ली पुलिस ने सत्र अदालत में चुनौती दी थी। -एजेंसी