जब उनसे पूछा गया कि क्या उन्हें जेल में कोई ऐसा अपराधी मिला जो सुहैब के अपने शो इंडियाज मोस्ट वांटेड की वजह से गिरफ्तार हुआ हो? तब उन्होंने जवाब दिया उन्हें जेल में कई ऐसे कैदी मिले जो या तो उनका शो देख चुके थे या उसकी वजह से गिरफ्तार हुए थे, लेकिन उन सबका मानना था कि सुहैब ने अपना काम किया।
जेल के अंदर बिताया रात का वो पहर सुहैब के लिए सबसे पीड़ादायी होता था जब रात के सन्नाटे में वो सलाखों के पीछे होते थे। उस वक्त वो अपने एंकरिंग के दिनों को याद करते थे कि कैसे उनके शो से कई अपराधी जेल गए और अब वही जेल के पीछे पहुंच गए हैं। अपने आपको जेल की सलाखों के पीछे देखना शायद ऐसी याद है जो वो कभी न भूल पाएं।
जब उनसे परिवार के बारे में पूछा गया तो बोले कि उनकी सास और साली ने केस चलाए रखा लेकिन उनके ससुर ने उन पर विश्वास बनाए रखा। अपने ससुर के बारे में बताते हुए सुहैब ने कहा कि उन्होंने 1950 में एक बंदूक खरीदी थी और कनाडा चले गए थे। दो साल पहले वह डीसीपी लाइसेंसिंग के पास गए और उसे मेरे नाम पर ट्रांसफर करा दिया। सुहैब पूछते हैं कि आखिर क्यों कोई अपनी कीमती चीज ऐसे शख्स को उपहार में देगा जिसने उसकी बेटी की हत्या की हो?
सुहैब सबसे ज्यादा अपनी बेटी आलिया के शुक्रगुजार हैं कि कितना भी कुछ हुआ लेकिन उसने सुहैब पर विश्वास बनाए रखा। आलिया ने जो ड्रामा झेला है वह मेरे दुख से कहीं ज्यादा है। मैं तो बड़ा था लेकिन वो तो बच्ची थी। मैं सच में बहुत खुश हूं कि वह बहुत जिम्मेदार, आत्मनिर्भर और आत्मविश्वासी हो गई है। वह बिल्कुल अपनी मां की तरह है।
सुहैब को सिर्फ अपने पर लगे हत्या के आरोप वाले मामले में ही नहीं अपनी सास और साली से आलिया की कस्टडी के लिए भी कानूनी लड़ाई लड़नी पड़ी। वह बहुत समझदारी भरे अंदाज में कहते हैं कि वो दोनों अंजू को बहुत प्यार करते थे और उसी तरह वह आलिया से भी प्यार करते हैं।
उन्होंने आलिया की कस्टडी इसलिए मांगी थी कि वह एक खूनी पिता के साथ सुरक्षित नहीं रह सकती। अब सुहैब उन बातों को भूलकर आगे बढ़ना चाहते हैं और आलिया के साथ मिलकर एक टीवी शो होस्ट करना चाहते हैं।