मारपीट को लेकर विवि प्रशासन का कहना है कि छात्रों के दो गुटों में हुई झड़प की वजह से यह मारपीट हुई हैं। जिसके बाद प्रदर्शनकारी छात्रों ने परिसर में खड़े वाहनों को क्षतिग्रस्त कर दिया। वहीं छात्रों का कहना है कि विवि प्रशासन की तरफ से भेजे गए लोगों ने प्रदर्शन को खत्म करने के लिए छात्रों के साथ मारपीट की है।
मुद्दा सुलझाने के प्रयास विफल, बात सुनने को तैयार नहीं
विवि प्रशासन ने बयान जारी कर कहा है कि इस मुद्दे को सुलझाने के लिए बार-बार प्रयास किए गए। जिसके तहत कई बैठकें आयोजित की गई। छात्रों को अनुशासनहीनता के लिए कारण बताओ नोटिस जारी किया गया। जिसके तहत उन्हें जवाब देना था, लेकिन उन्होंने नोटिस की प्रतियां जला दीं और उस अनुशासनात्मक समिति का भी बहिष्कार कर दिया, जहां उन्हें अपना पक्ष रखना था।
विश्वविद्यालय के अधिकारियों समेत जामिया शिक्षक संघ और पूर्व छात्र संघ के पदाधिकारियों ने मुद्दा सुलझाने के लिए प्रदर्शनकारी छात्रों की साथ कई बैठकें की हैं, लेकिन मंगलवार को कुछ छात्र संगठनों ने कुलपति कार्यालय का घेराव किया और परिसर को सील करते हुए बाहर निकलने के रास्तों को बंद कर दिया।