विशेष पुलिस आयुक्त मधुप तिवारी का शनिवार सुबह अरुणाचल प्रदेश को तबादला हुआ और शनिवार शाम तक उन्हें रिलीव भी कर दिया गया। आननफानन उन्हें रिलीव किए जाने से पुलिस महकमे में चर्चाओं का बाजार गर्म है। वरिष्ठ पुलिस अधिकारी इसके पीछे तरह-तरह के कयास लगा रहे हैं। हालांकि इस बारे में कोई खुलकर नहीं बोल रहा है।
करीब पांच माह पहले अरुणाचल प्रदेश में बतौर डीजी तैनात आनंद मोहन को कई साल बाद वापस दिल्ली बुला लिया गया था। आनंद मोहन वर्तमान में तिहाड़ जेल के डीजी हैं। मधुत तिवारी दिल्ली पुलिस में विशेष पुलिस आयुक्त लॉ एण्ड ऑडर जोन-2 की जिम्मेदारी संभाल रहे थे। सीबीआई से भी उन्हें प्री-मिच्योर टाइम में वापस दिया गया था। पुलिस कर्मी भी अचानक हुए तबादले से हैरत में हैं।
पुलिस अधिकारियों में ये चल रहे हैं अटकलें
दिल्ली पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि कुछ दिन पहले सीबीआई ने द्वारका जिले की नारकोटिक्स सेल में छापेमारी की थी। इस छापेमारी में हवलदार अजय दो लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए पकड़ा गया था। सेल के प्रभारी इंस्पेक्टर सुभाष चंद के कमरे से करीब 48 लाख रुपये बरामद हुए थे। इंस्पेक्टर सुभाष को गिरफ्तार किया गया था। बताया जा रहा है कि सुभाष उनके काफी करीब था। ये मुद्दा दिल्ली पुलिस में जोर-शोर से चर्चा को विषय बना हुआ है।