अगर आपका नोएडा में खाली मकान है तो सावधान हो जाएं। हो सकता है कि आपके मकान का मालिक किसी और को बना दिया जाए। फर्जीवाड़े का ऐसा ही मामला सामने आया है। नोएडा प्राधिकरण के आवासीय विभाग के कारनामे से अधिकारी भी हैरान हैं।
फर्जी तरीके से मकान बेचने के फर्जीवाड़े को लेकर हलचल तेज है, लेकिन कोई भी इस बारे में कुछ कहने को तैयार नहीं है। बताया जा रहा है कि सेक्टर-41 में 180 वर्ग मीटर के मकान को असली मालिक की जगह नकली मालिक को खड़ा कर किसी दूसरे को ट्रांसफर कर दिया गया।
सूत्रों के मुताबिक जून 1991 में इस प्लॉट का आवंटन खुर्शीदा अमीन के नाम से किया गया था। उन्होंने किसी सुनील के नाम सेल टू एग्रीमेंट किया था। सुनील अक्सर मकान का जायजा लेने के लिए जाया करते थे, लेकिन एक दिन मकान पर किसी और का ताला लटका देख उनके होश उड़ गए।
पड़ोसियों से पता चला कि इस मकान को सुमन गुप्ता और संतोष महावर ने खरीदा है। सुनील ने जब सुमन और संतोष से संपर्क साधा तो इस फर्जीवाड़े का खुलासा हुआ।
प्राधिकरणकर्मियों की मिलीभगत से खरीदार सुमन और संतोष के सामने मकान का मालिक किसी और को बनाकर खड़ा करने और दस्तावेजों में छेड़ाछाड़ की बात सामने आ रही है। नियमानुसार प्लॉट या मकान बेचने और खरीदने वाली पार्टी को दस्तावेजों के साथ संबंधित विभाग के सामने उपस्थित होना होता है।
ऐसे में इस मामले के खुलने पर विभाग की कार्यशैली सवालों के घेरे में आ गई है। हालांकि, इस मामले में अधिकारी कुछ भी कहने से बच रहे हैं। जांच कर रहे एक अधिकारी ने बताया कि मामला संज्ञान में आया है। असली आवंटी को उसका हक दिया जाएगा। इस पूरे मामले की रिपोर्ट चेयरमैन को भेजी गई है।