अब आपको अपनी वेटिंग टिकट को कंफर्म देखने के लिए रेलवे की 139 नंबर पर फोन करने की जरूरत नहीं होगी। रेलवे ने अब यात्रियों के लिए यह सुविधा शुरू की है कि अगर उसका टिकट वेटिंग में था और टिकट चार्ट बनने के बाद टिकट कंफर्म हो गया तो उसके मोबाइल में एक मैसेज चला जाएगा।
रेलवे के राज्य मंत्री अधीर रंजन चौधरी ने बताया कि पिछले 10 दिन से हम इसकी ट्रायल कर रहे थे लेकिन आज इसकी आधिकारिक शुरुआत कर दी गई है। इस सर्विस के अगर किसी का वेटिंग टिकट कंफर्म होता है तो उसे एसएमएस से सूचना मिल जाएगी।
उन्होंने बताया कि हर दिन लगभग चार लाख लोगों को इसका फायदा मिलेगा। इस एसएमएस से मिलने वाली सेवा की को CRIS ने बनाया है। CRIS रेलवे को टेक्नॉलॉजी सुविधा देने का काम करती है।
वेबसाइट पर आने की जरूरत नहीं
अधीर रंजन चौधरी ने बताया कि इस सर्विस के तहत टिकट बुक कराने के दौरान पैसेंजर जो मोबाइल नंबर देगा, उस नंबर पर उसका वेटिंग टिकट जैसे ही आरएसी हो जाएगा, उसे एक एसएमएस आ जाएगा और उसके बाद चार्ट बनने के बाद अगर टिकट कंफर्म हो जाती है तो फाइनल लिस्ट भी उसके मोबाइल पर मिल जाएगी।
इस एसएमएस सेवा की शुरुआत करते हुए चौधरी ने बताया कि इसके लिए यात्रियों से कोई पैसा नहीं लिया जाएगा। उन्होंने बताया कि यह सर्विस रेल बजट का हिस्सा था, जिसे सरकार ने अब देश की जनता को सौंप दिया है।
रेलवे में ट्रैफिक का काम काज देखने वाले डीपी पांडे ने इस मौके पर बताया कि इस सुविधा से रेलवे की वेबसाइट पर लोड कम होगा। जो लोग अपनी वेटिंग टिकट देखने के लिए बार-बार वेबसाइट पर आते थे, उन्हें अब यह जानकारी मोबाइल पर एसएमएस से ही मिल जाया करेगी।
रेलवे की ओर से फ्री होगी यह सर्विस
पांडे ने बताया कि अपनी कंफर्म टिकट का स्टेटस के साथ यात्रियों को कोच नंबर और बर्थ नंबर भी भेज दिया जाएगा। यह एसएमएस ट्रेन छूटने से तीन घंटे पहले पैसेंजर के मोबाइल पर मिल जाएगा।
उन्होंने इसे साफ किया कि केवल आरएससी और कंफर्म होने पर ही पैसेंजर को एसएमएस किया जाएगा, इसके अलावा अगर उनका टिकट वेटिंग ही रहता है तो उस सूरत में किसी तरीके का कोई अपडेट नहीं किया जाएगा।
इस सर्विस के शुरू होने के बाद रेलवे वेबसाइट के साथ-साथ उस कॉल सेंटर में भी पूछताछ की संख्या कम हो जाएगी, जो वेटिंग की जानकारी के लिए अंतिम समय में फोन या वेबसाइट खोलते हैं।