मुखबिरी करते करते बन गए नकली पुलिसकर्मी
जांच में पता चला है कि गिरफ्तार आरोपियों में से ज्यादातर आबकारी विभाग के लिए मुखबिरी भी कर चुके हैं। इनका सरगना डिंपल सिर्फ 12वीं पास है और शुरूआत में फाइनेंस का काम करते-करते आबकारी विभाग के लिए मुखबिरी भी करने लगा। इस पर दुष्कर्म और अनाधिकार प्रवेश का मामला भी दर्ज है। वहीं आरोपी सोनू साहनी शराब तस्कर रमेश चीरा के संपर्क में रह चुका है और यहां से मुखबरी भी की। इसके खिलाफ शराब तस्करी के दो मामले दर्ज हैं। अन्य आरोपी भी पुलिस के लिए मुखबरी कर चुके हैं। वहीं दसवीं पास मुकेश पर शस्त्र अधिनियम, चोट पहुंचाने, अपहरण, लूट और हत्या का प्रयास के छह मामले दर्ज हैं।
पुलिस ने फर्जी दिल्ली पुलिस कर्मियों के एक गिरोह का भंडाफोड़ किया है, जो बाहरी उत्तर जिले में AATS (एंटी ऑटो-थेफ्ट स्क्वायड) के नाम पर अवैध शराब की तस्करी कर रहे थे। छह लोगों को गिरफ्तार किया