करीब दो महीने से शाहीन बाग में प्रदर्शन के कारण बंद रास्ते से रविवार को प्रदर्शनकारियों ने एक शवयात्रा को जाने की अनुमति दी। इस दौरान एक प्रदर्शनकारी ने बताया कि हम एक-दूसरे का सम्मान करते हैं और आज हमने इस बंद रास्ते से शवयात्रा को जाने दिया, इसमें कोई बड़ी बात नहीं हैं। उसने कहा कि हमने इससे पहले इस रास्ते से बसों और एम्बुलेंस को भी पार होने की अनुमति दी है।
बता दें कि शाहीन बाग में 15 दिसंबर 2019 से नागरिकता कानून और प्रस्तावित एनआरसी के विरोध में धरना प्रदर्शन चल रहा है। इसके चलते दिल्ली से नोएडा को जोड़ने वाला कालिंदी कुंज मार्ग पूरी तरह बंद हो गया है। इससे लोगों को भारी परेशानी हो रही है। वहीं, प्रदर्शनकारियों का कहना है कि जब तक सीएए वापस नहीं ले लिया जाता उनका धरना जारी रहेगा।
वहीं मतदान के लिए शुक्रवार को जामिया मिल्लिया इस्लामिया मार्ग को प्रदर्शनकारी छात्रों ने खाली कर दिया था। लेकिन मतदान खत्म होने के साथ ही शनिवार शाम से एक बार फिर प्रदर्शनकारियों ने सड़क पर कब्जा जमा लिया। शाहीन बाग में प्रदर्शन स्थल के पास शनिवार को दो संदिग्धों को दबोचा गया। प्रदर्शनकारियों ने दोनों संदिग्धों को पकड़ कर उनका मोबाइल खंगाला तो उसमें आपत्तिजनक मैसेज पाए गए हैं।
प्रदर्शन स्थल पनर हंगामा होने पर मौके पर पुलिस आ गई। पुलिस का कहना है कि दोनों संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई है। पकड़े गए दोनों लोग शाहीन बाग के रास्ते कालिंदी कुंज की ओर जा रहे थे, तभी प्रदर्शनकारियों ने शक के आधार पर उन्हें दबोच लिया।