दिल्ली सरकार का पर्यावरण विभाग व दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (डीपीसीसी) ई-रिक्शा चालकों को सात करोड़ की सब्सिडी बांटेगी। मंगलवार को दोनों प्राधिकरणों के अधिकारियों की बैठक में यह फैसला लिया गया है। सब्सिडी का यह लाभ दिल्ली परिवहन विभाग में रजिस्टर्ड हो चुके ई-रिक्शा चालकों को भी मिलेगा। सरकार के इस फैसले से कुल 3382 ई-रिक्शा चालकों को लाभ मिलेगा।
राजधानी में बढ़ते प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए सरकार ने ई-रिक्शा पर सब्सिडी को आगे बढ़ाने का फैसला लिया है। पहले से ही यह सब्सिडी दी जा रही थी अब 3383 ई-रिक्शा चालकों को सात करोड़ सब्सिडी बांटने का भी फैसला लिया गया है। पर्यावरण विभाग के मुताबिक आगामी फरवरी से ही सब्सिडी बांटने का काम शुरू कर दिया जाएगा।
बैठक में यह फैसला लिया गया है कि 31 मार्च 2016 तक रजिस्टर्ड ई-रिक्शा चालकों को 15 हजार रुपये प्रति ई-रिक्शा सब्सिडी दी जाएगी। इसका फायदा 2027 लोगों को मिलेगा। अप्रैल 2016 के बाद रजिस्टर्ड ई-रिक्शा को 30 हजार रुपये की सब्सिडी दी जाएगी।
इसका लाभ 1355 ई-रिक्शा चालकों को लाभ मिलेगा। सरकार का मानना है कि सब्सिडी मिलने से प्रदूषण रहित वाहन खरीदने के लिए लोगों को प्रोत्साहित किया जा सकेगा। उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने कहा कि हम राजधानी में लास्ट माइल कनेक्टविटी के लिए ई-रिक्शा को प्रमोट कर रहे है।
इसके लिए सब्सिडी दी जा रही है। 2015-16 में हम 4.97 करोड़ की सब्सिडी दे चुके है। आगे भी इसे जारी रखने के लिए अब फिर निर्देश दिया गया है। यह 15 व 30 हजार दो वर्गो में दिया जाएगा। यह काम जल्द से जल्द शुरू हो जाएगा।