फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

लॉकडाउन में स्कूलों ने बढ़ाई फीस, ऑनलाइन फीस जमा कराने के लिए भेजे जा रहे हैं लिंक

Sat, 11 Apr 2020 09:09 PM IST
Mohit Mudgal अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
विज्ञापन
रूपया(सांकेतिक तस्वीर) - फोटो : सोशल मीडिया
विज्ञापन

लॉकडाउन के कारण स्कूल मार्च से ही बंद हैं। हालांकि, अधिकतर स्कूलों ने अप्रैल से ऑनलाइन कक्षाएं शुरू कर सत्र 2020-21 की पढ़ाई शुरू कर दी है। इसके साथ ही स्कूलों ने फीस की मांग भी शुरू कर दी है। कोई स्कूल फीस 5 से 10 फीसदी तक बढ़ाकर मांग रहा है तो कोई तीन महीने की मांग रहा है। स्कूल बंद हैं, फिर भी परिवहन शुल्क की मांग की जा रही है। ऑल इंडिया पैरेंट्स एसोसिएशन ने दिल्ली सरकार तक अपनी बात पहुंचाई है, लेकिन अभी तक कोई राहत नहीं मिली है।

विज्ञापन


दक्षिणी दिल्ली स्थित एक नामी स्कूल ने 15 अप्रैल तक अभिभावकों को फीस का भुगतान करने के लिए कहा है। हालांकि, स्कूल ने फीस बढ़ाने के फैसले को फिलहाल टाल दिया है। एक अभिभावक ने बताया कि उनके दो बच्चे हैं। एक की तीन महीने की फीस 12 हजार से अधिक है। लॉकडाउन के कारण काम भी बंद है और बैंकों से रुपये निकालने में भी परेशानी आ रही है। इन हालात में कैसे फीस का भुगतान करें।

रोहिणी स्थित एक स्कूल ने अभिभावकों को ऑनलाइन फीस भुगतान का लिंक भेजकर तीन महीने की फीस जमा करने को कहा है। अभिभावकों की शिकायत है कि स्कूल परिवहन शुल्क तक मांग रहे हैं। ट्यूशन फीस तो दे देंगे, लेकिन वार्षिक शुल्क व अन्य भत्ते के कारण फीस काफी ज्यादा हो रही है, इसमें रियायत मिलनी चाहिए।
विज्ञापन


ऑल इंडिया पैरेंट्स एसोसिएशन अध्यक्ष अशोक अग्रवाल ने कहा कि कुछ स्कूलों ने फीस भी बढ़ा दी है। इसकी जानकारी उन्होंने दिल्ली सरकार तक भी पहुंचाई है। शिक्षा निदेशालय को अभिभावकों को राहत देने के लिए प्रयास करने चाहिए।

दिल्ली स्टेट पब्लिक स्कूल मैनेजमेंट एसोसिएशन अध्यक्ष आरसी जैन ने कहा कि यदि अभिभावक स्कूल फीस जमा करा सकते हैं तो करा दें। स्कूलों को अभिभावकों के साथ फीस जमा कराने के लिए जबरदस्ती नहीं करनी चाहिए। वह कहते हैं कि स्कूलों को शिक्षकों को भी तनख्वाह देनी है। स्कूल तीन की जगह एक माह की फीस मांगें।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें