इसी स्कूल के 12वीं कक्षा के छात्र नोएडा सेक्टर-63 निवासी प्रवीण ने बताया कि अक्सर जीपीओ और रकाबंगज बस स्टॉप पर बसें नहीं रुकती हैं। कुछ दिन पहले वह डीटीसी बस में चढ़ रहे थे कि तभी चालक ने बस दौड़ा दी और वह गिरकर घायल हो गए।
30 मिनट में गुजर गईं एक दर्जन से अधिक बसें
73 वर्षीय सतीश कुमार तनेजा ने बताया कि वह पहले रकाबगंज स्टॉप पर बस का इंतजार कर रहे थे, लेकिन कई बसें वहां से गुजर गयीं। इसके बाद वह जीपीओ बस स्टॉप पर पहुंचे तो वहां भी बस नहीं मिली। जीपीओ पर दोपहर करीब सवा 2:15 से 2:45 बजे तक करीब एक दर्जन से ज्यादा बसें बिना रुके ही गुजर गईं। इन बसों में डीटीसी की क्लस्टर रूट संख्या 73, 729, 120, 77, 210, 725, 850, 540, 410, 410 ए, 310, 378 और 740 शामिल थीं।
बसों की स्क्रीन कर देते हैं बंद
बसों की पड़ताल के दौरान बस नंबर डीएल-1पीओ 2706 के चालक ने बस की स्क्रीन ही बंद कर दी, ताकि यात्रियों को बस के रूट का पता ना लग सके और यात्री बस को रुकने के लिए हाथ ना दें। यह बस तेज रफ्तार में गुजर गई। डीटीसी की रूट संख्या 740ई की बस डीएल1पी सी8199 बस स्टॉप पर तो रुकी, लेकिन छात्रों के बस में चढ़ने से पहले ही दौड़ पड़ी। इस दौरान कई छात्र गिरने से बचे। तभी क्लस्टर की बस डीएल 1पीसी5874 के चालक ने भी बस की स्क्रीन बंद कर दी और बस को तेज गति में दौड़ा दिया।
बसों के नहीं रुकने के संबंध में विद्यार्थी व अन्य यात्री डीटीसी की एप्लीकेशन के जरिये शिकायत कर सकते हैं। कोताही बरतने वाले बस चालकों पर कार्रवाई की जाएगी।
-डीटीसी प्रबंधन