वहीं वरिष्ठ पत्रकार शेखर गुप्ता ने भी इस मामले में ट्वीट किया है कि राघव के घर पर आयकर का छापा पड़ा गंभीर मुद्दा है। आयकर भरने वाले हर शख्स को हक है कि वो सरकार से सवाल पूछे लेकिन ये रेड कुछ और ही इंगित कर रहे हैं। अगर इस छापे के लिए कोई स्पष्टीकरण है तो सरकार को तुरंत देना चाहिए। वरना इसे आलोचनात्मक मीडिया के खिलाफ कार्रवाई के तौर पर देखा जाएगा।
इस रेड पर पूर्व पत्रकार और आम आदमी पार्टी से इस्तीफा दे चुके आशुतोष का कहना है कि, राघव एक बहुत ही विश्वसनीय मीडिया शख्सियत हैं। अब वो केंद्र सरकार, मोदी सरकार की आलोचना करने की सजा भुगत रहे हैं।