दिल्ली के निजी स्कूल शैक्षणिक सत्र 2023-24 के दौरान ईडब्ल्यूएस और वंचित वर्ग के छात्रों पर खर्च किए जाने का दावा कर सकेंगे। शिक्षा निदेशालय ने खर्च का दावा करने के लिए ऑनलाइन मॉड्यूल को खोल दिया है। स्कूल इस संबंध में अपना डेटा अपनी स्कूल आईडी और पासवर्ड के माध्यम से ऑनलाइन मॉड्यूल पर जमा करा सकते हैं। 31 मई के बाद स्कूल के किसी भी दावे पर विचार नहीं किया जाएगा।
शिक्षा निदेशालय ने स्पष्ट किया है कि सभी मदों के सामने सूचना उचित सावधानी से भरी जानी चाहिए और कोई भी मद खाली नहीं छोड़ा जाए। मॉड्यूल एक जून के बाद नहीं चलेगा। स्कूलों को स्पष्ट किया गया है कि उन्हें दर्ज किए गए डेटा का प्रिंट आउट लेना होगा। निजी स्कूलों को प्रतिपूर्ति के लिए एक शपथ पत्र के साथ दावा प्रस्तुत करना आवश्यक है।
इसका अर्थ है कि सत्र 2023-24 के दौरान ईडब्ल्यूएस-डीजी श्रेणी के छात्रों को पाठ्य पुस्तकें, लेखन सामग्री, वर्दी सहित अन्य सभी लाभ आदि निशुल्क प्रदान किए गए थे। उसकी प्रतिपूर्ति के लिए स्कूलों को दावा करना है, जिससे कि सरकार प्रति बच्चे पर किए गए खर्च के हिसाब से राशि जारी कर सके। संबंधित जिला उपशिक्षा निदेशक ऑनलाइन प्रतिपूर्ति मॉड्यूल में दर्ज किए गए डेटा की स्थिति की भौतिक जांच करने के लिए डीई (शिक्षा निदेशक) नामांकित व्यक्ति के माध्यम से निरीक्षण करेगा।