दिल्ली में लोकसभा चुनाव को लेकर भाजपा की ओर से अब तक तीन बड़ी जनसभाएं हुई हैं, जिसमें पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह और गृहमंत्री राजनाथ सिंह दो-दो बार एवं यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ के भाषण से साफ हो चुका है कि भाजपा का दिल्ली में राष्ट्रवाद और आतंकवाद पर फोकस रहेगा। बावजूद इसके प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की बुधवार को रामलीला मैदान में होनी वाली महारैली और उनके भाषण को लेकर चर्चाएं गरम हैं।
जानकारों की मानें तो साल 2016 से अब तक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक बार भी आप सरकार व दिल्ली कांग्रेस या पूर्व सीएम शीला दीक्षित को लेकर टिप्पणी नहीं की है। जबकि इससे पहले सीएम केजरीवाल को पीएम मोदी ने एके-56 तक बता दिया था। अब भाजपा में ही चर्चा है कि महारैली के दौरान पीएम मोदी के शब्दों में आप और कांग्रेस के नाम कितनी बार आते हैं? ये देखने लायक होगा।
उधर लोकसभा चुनाव को लेकर पीएम की महारैली भाजपा के लिए कितनी महत्वपूर्ण है? इसका अंदाजा इससे भी लगाया जा सकता है कि भाजपा पिछले एक महीने से ब्लॉक स्तर पर सर्वे करा रही थी, जिसमें पीएम मोदी के कार्यकाल से जुड़े सवालों के अलावा लोगों से उनके मुद्दे पूछे गए।
उत्साहित भाजपा ने यहां तक दावा कर दिया है कि रामलीला मैदान में लाखों लोगों की भीड़ पीएम मोदी को समर्थन देगी। जबकि दिल्ली नगर निगम के अधिकारियों के ही अनुसार रामलीला मैदान में 1 लाख लोगों के प्रवेश की क्षमता है। अगर पंडाल में बैठने की व्यवस्था होती है तो लगभग 50 हजार ही लोग आ सकते हैं।
दिल्ली भाजपा की ओर से मिली जानकारी के अनुसार मंगलवार देर शाम तक महारैली को लेकर तैयारियां अंतिम दौर में रहीं। महारैली के लिए भाजपा ने 50 हजार युवा कार्यकर्ताओं को भी न्यौता दिया है। इनको सभा में मौजूद कार्यकर्ताओं का जोश बढ़ाने और नारेबाजी करने की जिम्मेदारी दी गई है।
वहीं भाजपा के राष्ट्रीय स्तर के नेताओं सहित दिल्ली के हर जिले और बूथ स्तर के कार्यकर्ता को महारैली में शामिल होने का न्यौता भेजा है। कहा जा रहा है कि महारैली के जरिए दिल्ली में भाजपा अपनी ताकत पूरे देश को दिखाना चाहती है। वहीं दिल्ली के सातों प्रत्याशियों को भी अपने समर्थकों के साथ महारैली में आने के लिए कहा है। पार्टी सूत्रों की मानें तो यूपी और कर्नाटक से भी कई नेता इस रैली में दिखाई दे सकते हैं।
केसरिया हो जाएगी पूरी दिल्ली
पूरी दिल्ली केसरिया हो जाएगी। प्रधानमंत्री का भव्य स्वागत दिल्ली वाले पूरे दिल के साथ करेंगे। रामलीला मैदान पर पहुंचने के लिए जगह-जगह साईनेज लगाए गए हैं। गर्मी को देखते हुए पीने के पानी की पूरी व्यवस्था है। आपतकाल के लिए एम्बुलेंस की व्यवस्था भी की गई है।
- विजय गोयल, केंद्रीय मंत्री
सड़कों पर भी एलईडी स्क्रीन के माध्यम से प्रधानमंत्री का भाषण सुनने की व्यवस्था की गई है। दिल्ली के सभी 14 जिलों के 272 मंडलों से लाखों कार्यकर्ता महारैली में मौजूद रहेंगे।
- अशोक गोयल देवराहा, मीडिया प्रमुख, भाजपा
आज दिल्ली के इन इलाकों से बनाएं दूरी
यूं तो रामलीला मैदान में पीएम की महारैली शाम को होने वाली है, लेकिन सुबह से ही भाजपा कार्यकर्ताओं का कार्यक्रम स्थल पर जमावड़ा शुरू होगा। इसीलिए दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने रामलीला मैदान के आसपास के इलाकों में आवागमन से बचने की सलाह दी है। अजमेरी गेट, दिल्ली गेट, डीडीयू, टॉलस्टाय मार्ग, दरियागंज, तुर्कमान गेट, मिंटो रोड, पहाडग़ंज पुल, जवाहर लाल नेहरू मार्ग, आईटीओ, कोटला रोड, रंजीत सिंह फ्लाईओवर इत्यादि इलाकों में जाने से लोगों को परहेज करने की अपील की गई है।